चाकू लहराकर गुंडागर्दी करने वाला आरोपी गिरफ्तार, बस्तर पुलिस ने हथियार समेत भेजा जेल - vedantsamachar.in

चाकू लहराकर गुंडागर्दी करने वाला आरोपी गिरफ्तार, बस्तर पुलिस ने हथियार समेत भेजा जेल

जगदलपुर, 14 जून (वेदांत समाचार)। बस्तर जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और असामाजिक तत्वों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत बोधघाट थाना पुलिस ने चाकू लहराकर गुंडागर्दी करने और जान से मारने की धमकी देने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त धारदार चाकू भी बरामद कर लिया है।

पुलिस के अनुसार, तेतरखूंटी निवासी सुनील ठाकुर (42 वर्ष) के खिलाफ उसकी पत्नी ने थाना बोधघाट में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि आरोपी शराब के नशे में घर पहुंचा और शक के आधार पर गाली-गलौज करने लगा। इस दौरान उसने अश्लील गालियां देते हुए जान से मारने की धमकी दी तथा हाथ-मुक्कों से मारपीट की।

पीड़िता ने जब आरोपी को मारपीट करने से रोका तो उसने अपने पास रखे धारदार चाकू को निकालकर लहराना शुरू कर दिया और डराने-धमकाने के साथ गुंडागर्दी करते हुए जान से मारने की धमकी दी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू की।

पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिन्हा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक माहेश्वर नाग के मार्गदर्शन तथा नगर पुलिस अधीक्षक डी. धोत्रे सुमित कुमार दत्ता हरिराव के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी टामेश्वर चौहान के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने आरोपी की तलाश कर उसे हिरासत में लिया और पूछताछ की।

पूछताछ के दौरान आरोपी ने घटना को अंजाम देना स्वीकार किया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त धारदार चाकू बरामद कर जब्त कर लिया। इसके बाद आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 115(2), 351(3) तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर न्यायालय में पेश किया गया।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान सुनील ठाकुर पिता स्वर्गीय देवसेन सिंह ठाकुर, उम्र 42 वर्ष, निवासी तेतरखूंटी, जगदलपुर के रूप में हुई है।

इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक टामेश्वर चौहान, उप निरीक्षक ललित सिंह नाग, लोकेश्वर नाग, पीएसआई नागेंद्र सिंह, प्रिया यादव, निर्मला सिदार, प्रधान आरक्षक प्रकाश मनहर, पवन, सोनामनी तथा आरक्षक होरी लाल आर्मो, कामदेव दर्रो और दीपक मिंज की महत्वपूर्ण भूमिका रही।