नकली तेल फैक्ट्री पकड़ी गई, फूड इंस्पेक्टरों और कर्मचारियों पर हमला… – vedantsamachar.in

नकली तेल फैक्ट्री पकड़ी गई, फूड इंस्पेक्टरों और कर्मचारियों पर हमला…

यूपी, 07 मई। इटावा के पक्का बाग में बी आर ऑयल तेल कंपनी फैक्ट्री संचालित है, जहां पर तेल की पैकिंग की जाती है.ऐसे में खाद्य सुरक्षा विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर सहित फूड सेफ्टी ऑफिसर की लगभग पांच लोगों की टीम सैंपल लेने के लिए पहुंची तो वहां उन्होंने देखा कि ब्रांडेड कंपनियों की खाली डब्बों में नकली ऑयल भरा जाता है. इसको लेकर सैंपलिंग की जा रही थी तभी हंगामा शुरू हो गया और ऑयल फैक्ट्री के मालिक अंकुर अग्रवाल ने अपने भाइयों के साथ मिलकर असिस्टेंट कमिश्नर राजेश द्विवेदी सहित पांच लोगों के ऊपर हमला बोल दिया.

धक्का मुक्की के साथ-साथ मारपीट की गई जिसमें असिस्टेंट कमिश्नर राजेश द्विवेदी की हालत खराब हो गई और शर्ट भी फट गई जैसे ही वह टीम अपने आप को बचाकर जाने लगी तभी फैक्ट्री मालिक और उनके भाई पेट्रोल डालकर आत्महत्या का प्रयास करने लगे. तभी वहां मौजूद पुलिस ने उनकी बोतल छीनकर उनको सुरक्षित किया. फिर उन्होंने सड़क पर गाड़ी के आगे लेट कर हंगामा शुरू कर दिया. असिस्टेंट कमिश्नर ने पहुंचकर थाना कोतवाली क्षेत्र में पुलिस फोर्स लिया और उच्च अधिकारी को सूचित किया.

फैक्ट्री मालिक फैक्ट्री को बंद कर भाग गए. वहां पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम, सीओ सिटी सहित भारी पुलिस फोर्स पहुंचा. फैक्ट्री का ताला खुलवाया गया और फिर से दोबारा सैंपलिंग करवाई गई. और फैक्ट्री के तेल को सीज किया गया. खाद्य विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर राजेश द्विवेदी ने बताया कि यह लोग नकली तेल बनाकर ब्रांडेड कंपनियों के डिब्बों में भरकर बड़ी मात्रा में बिक्री करते हैं. इसकी शिकायत प्राप्त हुई थी. इसके लिए जब हम लोगों ने वहां पर रेड डाली तो फैक्ट्री मालिक ने अपने अन्य व्यापारियों और व्यापार मंडल के अध्यक्ष अनंत अग्रवाल को बुला लिया हम लोगों के साथ धक्का मुक्की और मारपीट की गई.

इसके बाद इसकी जानकारी उच्च अधिकारियों को दी गई है और इन लोगों के खिलाफ लिखित शिकायत भी की है. फिलहाल पुलिस सुरक्षा के बीच में सैंपलिंग कराई गई और तेल को सीज किया गया है. व्यापार मंडल के अध्यक्ष अनंत अग्रवाल का कहना है कि यह खाद्य विभाग के लोग लगातार व्यापारियों को परेशान करते हैं, और रुपए मांगते हैं और इलीगल तरीके से छापेमारी करते हैं. मारपीट की बात गलत बताई जा रही है और हम लोग व्यापारी हैं.