जांजगीर-चांपा, 03 जून (वेदांत समाचार)। जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन और पुलिस विभाग ने दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए व्यापक पहल शुरू की है। इसी कड़ी में बुधवार को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार के नेतृत्व में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने जिले के प्रमुख दुर्घटनाजन्य क्षेत्रों और चिन्हित ब्लैक स्पॉट का संयुक्त निरीक्षण किया।
निरीक्षण दल में एसडीएम चांपा पवन कोसमा, एसडीएम पामगढ़, जिला परिवहन अधिकारी विवेक सिंह, राष्ट्रीय राजमार्ग-49 के सब इंजीनियर तथा लोक निर्माण विभाग शिवरीनारायण क्षेत्र के सब इंजीनियर डी.सी. दिनकर शामिल रहे। अधिकारियों ने थाना चांपा क्षेत्र के हथनेवरा चौक, जांजगीर क्षेत्र के ग्राम तिलाई, अकलतरा के अमरताल रोड तथा पामगढ़ थाना क्षेत्र के दुपट्टा मोड़ सहित उन स्थानों का दौरा किया, जहां पूर्व में कई सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी हैं और जिन्हें ब्लैक स्पॉट के रूप में चिन्हित किया गया है।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सड़क की स्थिति, यातायात व्यवस्था, संकेतक बोर्डों की उपलब्धता, सड़क मोड़ों की संरचना तथा ब्लैक स्पॉट की परिस्थितियों का बारीकी से अध्ययन किया। मौके पर पाया गया कि कई स्थानों पर तेज रफ्तार वाहन, यातायात नियमों की अनदेखी, पर्याप्त चेतावनी संकेतकों का अभाव, रोड मार्किंग की कमी, सड़क किनारे अतिक्रमण, खराब रोड शोल्डर तथा दृश्यता बाधित करने वाले मोड़ दुर्घटनाओं के प्रमुख कारण बने हुए हैं।
अधिकारियों ने यह भी पाया कि कुछ स्थानों पर सड़क संरचना में तकनीकी खामियां और मरम्मत की आवश्यकता दुर्घटना जोखिम को बढ़ा रही हैं। इसके मद्देनजर संबंधित विभागों को चेतावनी संकेतक लगाने, स्पीड ब्रेकर निर्माण, सड़क मरम्मत कार्य कराने, अतिक्रमण हटाने तथा यातायात नियंत्रण व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश देने की बात कही गई। इन सभी बिंदुओं पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों को पत्राचार भी किया जाएगा।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) उदयन बेहार ने कहा कि सड़क सुरक्षा प्रशासन की प्राथमिकता है और दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए लगातार अभियान चलाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि केवल प्रशासनिक प्रयासों से ही नहीं बल्कि आम नागरिकों की सहभागिता से भी सड़क हादसों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।
प्रशासन ने वाहन चालकों और आम नागरिकों से यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने, निर्धारित गति सीमा में वाहन चलाने, हेलमेट और सीट बेल्ट का उपयोग करने तथा सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने की अपील की है। अधिकारियों का मानना है कि सामूहिक प्रयासों से ही सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में कमी लाई जा सकती है और लोगों की जान बचाई जा सकती है।

