धरसींवा, 19 जुलाई (वेदांत समाचार) । डिजिटल दौर में बढ़ते साइबर अपराधों ने अब राजनीतिक और सामाजिक रूप से सक्रिय लोगों को भी निशाना बनाना शुरू कर दिया है। छत्तीसगढ़ के धरसींवा क्षेत्र से एक ऐसा ही चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां क्षेत्र के कद्दावर भाजपा नेता और पूर्व विधायक देवजी भाई पटेल का व्हाट्सएप नंबर साइबर अपराधियों ने हैक कर लिया। हैकर्स ने उनके नंबर का दुरुपयोग करते हुए हजारों कार्यकर्ताओं, परिचितों और समर्थकों को संदेश भेजकर पैसों की मांग शुरू कर दी।
घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि, शनिवार शाम करीब 6 बजे कई लोगों के मोबाइल पर पूर्व विधायक के नंबर से अचानक रुपये मांगने वाले संदेश पहुंचने लगे। शुरुआत में लोगों को मामला समझ नहीं आया, लेकिन जब बड़ी संख्या में ऐसे मैसेज आने लगे तो कार्यकर्ताओं ने इसकी सूचना तुरंत देवजी भाई पटेल को दी। इसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ। साइबर अपराधियों ने केवल पूर्व विधायक के व्हाट्सएप को ही निशाना नहीं बनाया, बल्कि उनके कार्यालय प्रभारी आदित्य शर्मा के मोबाइल नंबर को भी अपने कब्जे में ले लिया। इसके बाद हैकर्स ने लोगों को फोन कर रुपयों की मांग की और कई लोगों के साथ अभद्र व्यवहार भी किया। घटना के बाद पूर्व विधायक देवजी भाई पटेल ने तत्काल साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई है।
उन्होंने आम लोगों से अपील की है कि, उनके नंबर से आने वाले किसी भी संदिग्ध संदेश या पैसों की मांग पर भरोसा न करें और किसी भी प्रकार का डिजिटल भुगतान न करें।मामले को लेकर देवजी भाई पटेल ने पुलिस और साइबर विभाग की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि, साइबर सेल बनाए जाने के बावजूद वास्तविक अपराधियों तक पहुंचने में लगातार देरी हो रही है। उनका आरोप है कि, कई मामलों में केवल सिम बंद करने जैसी औपचारिक कार्रवाई होती है, जबकि मुख्य आरोपियों तक पहुंचना जरूरी है। उन्होंने मांग की कि, साइबर अपराधियों के खिलाफ प्रभावी और तकनीकी रूप से मजबूत कार्रवाई की जाए, ताकि आम लोगों की मेहनत की कमाई सुरक्षित रह सके। फिलहाल, साइबर सेल पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।

