चेन्नई,21 जून। तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में रविवार को एक सीफूड एक्सपोर्ट फैक्ट्री में अमोनिया गैस रिसाव की भयानक घटना हो गई। सेंट पीटर्स पॉल सीफूड्स एक्सपोर्ट्स यूनिट में हुई इस दुर्घटना में 7 महिला कर्मचारियों की मौत हो गई, जबकि 67 से अधिक लोग घायल हो गए। इनमें से 9 की हालत गंभीर है और उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया है।
7 महिलाओं की मौत, ज्यादातर युवा कर्मचारी प्रभावित
हादसे में मरने वाली सभी 7 महिलाएं फैक्ट्री में काम करने वाली कर्मचारियां थीं। अधिकांश घायल कर्मी 24-25 वर्ष की युवा महिलाएं हैं। गैस रिसाव इतना तेज था कि कर्मचारियों को बचने का समय भी नहीं मिला। जिला कलेक्टर एस. कविता ने बताया कि 46 घायलों को वेल्स अस्पताल और 21 को वेंकटेश्वरा अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 9 गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज के लिए चेन्नई के स्टेनली मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर किया गया है।
NDRF टीम पहुंची, बचाव कार्य जारी
घटना की सूचना मिलते ही अरक्कोनम स्थित NDRF की चौथी बटालियन की 30 सदस्यीय टीम विशेष उपकरणों के साथ मौके पर पहुंच गई। टीम ने गैस डिटेक्शन डिवाइस और CBRN उपकरणों की मदद से ऑपरेशन चलाया। स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए है।
अमोनिया गैस कितनी खतरनाक
अमोनिया (NH₃) एक रंगहीन लेकिन तेज और तीखी गंध वाली गैस है, जो कोल्ड स्टोरेज और रेफ्रिजरेशन सिस्टम में इस्तेमाल होती है। यह फेफड़ों को गंभीर नुकसान पहुंचाती है। कम मात्रा में भी आंखों, नाक और गले में जलन, खांसी और सांस लेने में दिक्कत होती है, जबकि अधिक मात्रा में फेफड़ों में पानी भरना, बेहोशी और मौत तक हो सकती है।

