दहेज प्रताड़ना से तंग आकर नवविवाहिता ने दी जान, पति और जेठानी गिरफ्तार, भेजे गए जेल - vedantsamachar.in

दहेज प्रताड़ना से तंग आकर नवविवाहिता ने दी जान, पति और जेठानी गिरफ्तार, भेजे गए जेल

जांजगीर, 13 जून 2026। दहेज के लिए प्रताड़ित करने, मारपीट करने और आत्महत्या के लिए प्रेरित करने के मामले में जांजगीर-चांपा पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए नवविवाहिता के पति और जेठानी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। मामले की जांच में दोनों आरोपियों द्वारा मृतका को लगातार दहेज के लिए प्रताड़ित किए जाने के आरोप सही पाए गए हैं।

पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार थाना सिटी कोतवाली बिलासपुर से एक मर्ग डायरी थाना जांजगीर को प्राप्त हुई थी। मामले में मर्ग जांच के दौरान मृतका भारती कश्यप के परिजनों, उसकी मां, भाई और अन्य रिश्तेदारों के बयान दर्ज किए गए। जांच में सामने आया कि वर्ष 2025 में भारती कश्यप का विवाह जांजगीर जिले के ग्राम जरवे (च) निवासी कृष्णा कश्यप के साथ हुआ था।

परिजनों ने पुलिस को बताया कि शादी के कुछ समय बाद ही कृष्णा कश्यप का व्यवहार बदल गया था। वह दहेज में कम सामान लाने की बात कहकर अपनी पत्नी को ताने देता था और घरेलू विवादों को लेकर अक्सर मारपीट करता था। जब भारती कश्यप ने अपनी परेशानी अपनी जेठानी कविता कश्यप को बताई तो उसने भी उसका साथ देने के बजाय दहेज को लेकर प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।

लगातार हो रही प्रताड़ना से परेशान होकर मृतका ने अपने मायके पक्ष को पूरी जानकारी दी थी। परिजन कई बार समझाइश देने भी पहुंचे, लेकिन स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। पुलिस जांच के अनुसार 6 जुलाई 2025 की सुबह करीब 6 बजे भारती कश्यप ने अपनी मां को फोन कर पति और जेठानी द्वारा की जा रही मारपीट और प्रताड़ना की जानकारी दी थी। इसके बाद उसने अज्ञात कीटनाशक पदार्थ का सेवन कर लिया।

गंभीर हालत में उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। मामले की विस्तृत जांच और गवाहों के बयानों के आधार पर पुलिस ने पाया कि मृतका को दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित और प्रताड़ना के दौरान मारपीट की जाती थी, जिससे वह मानसिक रूप से अत्यधिक परेशान थी।

जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोपी पति कृष्णा कश्यप (23 वर्ष) और जेठानी कविता कश्यप (35 वर्ष), दोनों निवासी ग्राम जरवे (च), जांजगीर के खिलाफ अपराध दर्ज किया। मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 80(2) एवं 3(5) के तहत कार्रवाई की गई।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक Vijay Kumar Pandey, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Umesh Kashyap तथा सीएसपी Yogita Bali Khaparde के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने ग्राम जरवे पहुंचकर दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया।

पूछताछ के दौरान आरोपियों ने दहेज को लेकर मृतका को प्रताड़ित करने और मारपीट करने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने दोनों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।

इस कार्रवाई में सीएसपी योगिता बाली खापर्डे, थाना प्रभारी निरीक्षक जयप्रकाश गुप्ता, सहायक उप निरीक्षक अरुण कुमार सिंह, आरक्षक शंकर राजपूत, दिलीप सिंह तथा महिला आरक्षक रेखा यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।