बिलासपुर,13 मई (वेदांत समाचार)। सिविल लाइन पुलिस के अनुसार विनोबा नगर निवासी जमीन कारोबारी विजय कुमार गुप्ता की पहचान वर्ष 2023 में एक जमीन सौदे के दौरान तोरवा निवासी अशोक कुमार गिडवानी से हुई थी। धीरे-धीरे बढ़ी जान-पहचान का फायदा उठाकर अशोक और उसके बेटे मोहित गिडवानी ने विजय गुप्ता और उनके दोस्त रमेश कुमार अग्रवाल को अपने मनिहारी व्यवसाय में निवेश करने पर भारी मुनाफे का सब्जबाग दिखाया।
आरोपितों के झांसे में आकर विजय गुप्ता ने स्वयं, अपने स्वजन और मित्रों के माध्यम से किस्तों में कुल तीन करोड़ 32 लाख रुपये आरोपितों को सौंप दिए। धोखाधड़ी की इस योजना के तहत बड़ी राशि आरटीजीएस और बैंक चेक के माध्यम से भावेश ट्रेडर्स और गणेश किचन नावेल्टी जैसी फर्मों के नाम पर ट्रांसफर कराई गई थी। आरोपितों ने भरोसा दिलाया था कि हर तीन महीने में मुनाफे की राशि का भुगतान किया जाएगा। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि काफी समय बीतने के बाद भी जब मुनाफे की राशि नहीं मिली, तो उन्होंने अपनी मूल रकम वापस मांगी।
इस पर आरोपित अपनी असलियत पर उतर आए और गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी देने लगे। दबाव बनाने पर भी जब पैसे नहीं मिले, तब पीड़ित ने कानून की शरण ली। सिविल लाइन पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्य आरोपित अशोक कुमार गिडवानी, उसके बेटे मोहित गिडवानी और भावेश ट्रेडर्स के संचालक के खिलाफ जुर्म दर्ज किया है। पुलिस अब इन फर्मों के बैंक खातों और लेनदेन के विवरण खंगाल रही है।

