कोरबा/सक्ती, 15 अप्रैल। कोरबा लोकसभा क्षेत्र की सांसद ज्योत्सना चरणदास महंत ने सक्ती जिले स्थित वेदांता प्लांट में हुए भीषण हादसे को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने इसे कोई पहली घटना न बताते हुए कहा कि यह बार-बार सुरक्षा नियमों की अनदेखी का नतीजा है।
सांसद महंत ने कहा कि इससे पहले भी वेदांता लिमिटेड के कोरबा प्लांट में चिमनी निर्माण के दौरान बड़ा हादसा हुआ था, जिसमें करीब 40 श्रमिकों की दर्दनाक मौत हुई थी। इसके अलावा परियोजना में लगातार हादसे होते रहे हैं, जिससे यह स्पष्ट है कि श्रमिकों की सुरक्षा के साथ गंभीर लापरवाही बरती जा रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि वेदांता के संयंत्रों में सुरक्षा व्यवस्था हमेशा से सवालों के घेरे में रही है, लेकिन इसके बावजूद प्रबंधन ने कोई ठोस सुधार नहीं किया। सांसद ने कहा कि अब सक्ती जिले के प्लांट में बॉयलर फटने की घटना बेहद गंभीर और दुखद है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार इस हादसे में एक दर्जन से अधिक श्रमिकों की मौत और 40 से ज्यादा लोगों के घायल होने की खबर है, हालांकि मृतकों की आधिकारिक संख्या अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है।
सांसद महंत ने राज्य सरकार और प्रशासन से सवाल करते हुए कहा कि संबंधित स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग की भूमिका संदिग्ध नजर आ रही है। उन्होंने कहा कि बार-बार हादसे होने के बावजूद जिम्मेदार एजेंसियों की चुप्पी समझ से परे है।
उन्होंने मांग की कि इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और हादसे के लिए जिम्मेदार अधिकारियों एवं प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
सांसद ने यह भी कहा कि मृतक श्रमिकों के परिजनों को उचित मुआवजा दिया जाए, परिवार के एक सदस्य को नौकरी प्रदान की जाए तथा घायलों के बेहतर इलाज की पूरी जिम्मेदारी कंपनी प्रबंधन उठाए।
अंत में उन्होंने स्पष्ट कहा कि श्रमिकों की जान से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी ही चाहिए।
