रायपुर, 5 अगस्त 2026 (वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ में शराब दुकानों में निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत वसूलने (ओवररेटिंग) और नियंत्रण में लापरवाही बरतने के मामलों को लेकर आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। आबकारी आयुक्त ने राज्य स्तरीय उड़नदस्ता की जांच रिपोर्ट के आधार पर दो आबकारी उप निरीक्षकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वहीं एक सहायक जिला आबकारी अधिकारी (एडीईओ) के खिलाफ विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई की अनुशंसा भी की गई है।
आबकारी विभाग के अनुसार राज्य के विभिन्न जिलों में संचालित शराब दुकानों की जांच के दौरान कई स्थानों पर निर्धारित दर से अधिक कीमत पर शराब बिक्री और अधिकारियों की निगरानी में लापरवाही सामने आई। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई।
निलंबित अधिकारियों में बालोद जिले के गुरूर में पदस्थ आबकारी उप निरीक्षक आशाराम शाक्य तथा बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के ग्राम रोहासी स्थित देशी कम्पोजिट मदिरा दुकान के प्रभारी आबकारी उप निरीक्षक पी. माधव राव शामिल हैं। दोनों अधिकारियों पर अपने कार्यक्षेत्र में ओवररेटिंग रोकने में विफल रहने और नियंत्रण संबंधी जिम्मेदारियों का सही तरीके से निर्वहन नहीं करने का आरोप है।
इसके अलावा बालोद जिले की देशी कम्पोजिट मदिरा दुकान अरकार की प्रभारी एवं मंडल प्रभारी का दायित्व संभाल रहीं सहायक जिला आबकारी अधिकारी निलोफर जैन के खिलाफ भी कार्रवाई की अनुशंसा की गई है। आबकारी आयुक्त ने उनके शिथिल नियंत्रण, कर्तव्य के प्रति लापरवाही और उदासीनता को गंभीर मानते हुए वाणिज्यिक कर (आबकारी) विभाग के सचिव को पत्र भेजकर विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की सिफारिश की है।
आबकारी विभाग का कहना है कि राज्य में शराब दुकानों में निर्धारित दर पर ही बिक्री सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है। किसी भी दुकान में ओवररेटिंग, अनियमितता या अधिकारियों की लापरवाही पाए जाने पर भविष्य में भी इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।

