बड़ी खबर : 20 दिन की भूख हड़ताल के बाद सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया, हाई कोर्ट के निर्देश पर हुई कार्रवाई - vedantsamachar.in

बड़ी खबर : 20 दिन की भूख हड़ताल के बाद सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया, हाई कोर्ट के निर्देश पर हुई कार्रवाई

नई दिल्ली, 18 जुलाई। जलवायु कार्यकर्ता और शिक्षाविद् सोनम वांगचुक को 20 दिनों की भूख हड़ताल के बाद शनिवार तड़के दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने बताया कि यह कार्रवाई दिल्ली हाई कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में उनकी लगातार बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए की गई, ताकि उन्हें समय पर आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।

सोनम वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे थे। लंबे समय तक उपवास के कारण उनकी सेहत लगातार गिर रही थी। शुक्रवार को जारी मेडिकल बुलेटिन के अनुसार उनका वजन लगभग नौ किलोग्राम घटकर 56.55 किलोग्राम रह गया था। चिकित्सकों ने उनकी शारीरिक स्थिति को लेकर चिंता जताते हुए लगातार निगरानी और तत्काल इलाज की आवश्यकता बताई थी।

दिल्ली पुलिस के अनुसार, हाई कोर्ट ने वांगचुक के स्वास्थ्य की नियमित मॉनिटरिंग करने और जरूरत पड़ने पर उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराने के निर्देश दिए थे। इन्हीं निर्देशों के तहत शनिवार तड़के पुलिस की टीम जंतर-मंतर पहुंची और उन्हें सफदरजंग अस्पताल ले गई, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज जारी है।

पुलिस ने बताया कि कार्रवाई के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने वांगचुक को अस्पताल ले जाने का विरोध किया और पुलिस की कार्रवाई में बाधा डालने की कोशिश की। इससे कुछ समय के लिए जंतर-मंतर पर हल्का हंगामा भी हुआ। हालांकि पुलिस ने संयम बरतते हुए स्थिति को नियंत्रित किया और बिना किसी बड़ी अप्रिय घटना के वांगचुक को सुरक्षित अस्पताल पहुंचा दिया।

दिल्ली पुलिस ने यह भी कहा कि उनकी प्राथमिकता वांगचुक के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना थी। पुलिस ने धरनास्थल पर मौजूद अन्य प्रदर्शनकारियों से भी शांति बनाए रखने और कानून-व्यवस्था का पालन करते हुए जंतर-मंतर खाली करने की अपील की।

सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को लेकर देशभर में चर्चा रही है। उनकी बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने पहले ही गंभीर चिंता व्यक्त की थी। अब उन्हें सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कर आवश्यक चिकित्सा उपचार दिया जा रहा है। अस्पताल प्रशासन लगातार उनकी सेहत पर नजर बनाए हुए है, जबकि इस पूरे घटनाक्रम के बाद जंतर-मंतर और राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।