रायपुर, 9 जुलाई (वेदांत समाचार)। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के नॉर्थ जोन ने नशे के अवैध कारोबार पर सख्त कार्रवाई करते हुए एनडीपीएस एक्ट के विभिन्न मामलों में जब्त बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित मादक पदार्थों का विधिसम्मत नष्टीकरण किया। सिलतरा स्थित जायसवाल NECO प्लांट में जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी की निगरानी में कुल 43 एनडीपीएस प्रकरणों में जब्त गांजा, अफीम, डोडा चूरा, प्रतिबंधित टेबलेट और कफ सिरप को फर्नेस में नष्ट किया गया।
यह कार्रवाई गुरुवार को गृह मंत्रालय, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) के दिशा-निर्देशों, एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों, न्यायालय के आदेशों और शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप की गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जब्त मादक पदार्थों का समयबद्ध नष्टीकरण अवैध कारोबार पर रोक लगाने और इनके दोबारा गलत हाथों में पहुंचने की संभावना को पूरी तरह समाप्त करने के उद्देश्य से किया गया।

नष्टीकरण की प्रक्रिया के दौरान पुलिस उपायुक्त (नॉर्थ जोन) मयंक गुर्जर, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त आकाश मरकाम, सहायक पुलिस आयुक्त (उरला) पूर्णिमा लामा, आबकारी विभाग के उपायुक्त डॉ. प्रवीण वर्मा सहित संबंधित थाना प्रभारी एवं जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी के सदस्य मौजूद रहे। पूरी कार्रवाई सिलतरा स्थित जायसवाल NECO प्लांट के फर्नेस में पर्यावरणीय मानकों और कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए संपन्न कराई गई।
पुलिस के अनुसार इस अभियान में कुल 43 एनडीपीएस मामलों में जब्त 160.722 किलोग्राम गांजा, 100 ग्राम डोडा चूरा, 236 ग्राम अफीम, 2,734 प्रतिबंधित टेबलेट तथा 503 प्रतिबंधित कफ सिरप को नष्ट किया गया। इतनी बड़ी मात्रा में नशीले पदार्थों के नष्टीकरण को रायपुर पुलिस की नशे के खिलाफ चल रही मुहिम का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
रायपुर पुलिस ने स्पष्ट किया कि मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध कारोबार के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस का कहना है कि नशीले पदार्थों का विधिसम्मत नष्टीकरण न केवल अपराध पर अंकुश लगाने में सहायक है, बल्कि समाज को नशामुक्त और सुरक्षित बनाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि नशे से संबंधित किसी भी अवैध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को दें, ताकि ऐसे अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके।

