नई दिल्ली,22 जून : दांबुला में खेले श्रीलंका ए के खिलाफ ट्राई सीरीज के फाइनल में वैभव सूर्यवंशी इंडिया ए की जीत के हीरो बने. उन्होंने 29 गेंदों पर 94 रन की तूफानी पारी खेली, जिसके दम पर भारत ए ने 378 रन का टोटल खड़ा किया, जिससे श्रीलंका ए की टीम 66 रन दूर रही. वैभव सूर्यवंशी को फाइनल में दमदार पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया. मगर जब वो इस अवॉर्ड को लेने गए तो उनका सामना उस बात से हुआ, जिसे उन्होंने मानने से इनकार कर दिया.
वैभव ने किस बात को बताया अफवाह?
वैभव सूर्यवंशी को लेकर फैली वो अफवाह उनके ज्यादा वनडे नहीं खेलने से जुड़ी रही? पोस्ट मैच प्रजेन्टेशन के दौरान प्रजेन्टर ने वैभव सूर्यवंशी से सवाल किया कि T20 क्रिकेट में तो आप बहुत अच्छे हैं मगर आपने ज्यादा वनडे नहीं खेले तो इस टूर्नामेंट से क्या कुछ सीखा? वैभव ने टूर्नामेंट से सीखने की बात पर तो कहा कि काफी कुछ सीखा. मगर वनडे क्रिकेट ज्यादा नहीं खेलने की बात उनसे हजम नहीं हुई. वैभव ने उसे सिरे से नकार दिया.
लोगों को नहीं मालूम- वैभव सूर्यवंशी
वैभव सूर्यवंशी ने प्रजेन्टर से कहा कि वो 50 ओवर फॉर्मेट यानी वनडे भी काफी खेल चुके हैं. पता नहीं लोगों को नहीं मालूम है. इतना कहने के बाद ही 15 साल के वैभव ने अपनी आगे की बात कही.
वैभव सूर्यवंशी ने दांबुला के कंडीशन और पिच की बात की. उन्होंने कहा कि यहां एक अलग पिच और कंडीशन मिली, जहां खेलने में मजा आया.
पहले 4 मैच 117 रन और फिर फाइनल में वर्ल्ड रिकॉर्ड
वैभव सूर्यवंशी ने दांबुला की पिच पर क्या किया? कैसे उन्होंने अपना गियर बदला? अब जरा वो जानिए. पहले 4 मैचों में उन्होंने बस 117 रन बनाए थे. एक भी अर्धशतक नहीं और छक्के भी बस 3. लेकिन, जैसे ही फाइनल जैसा बड़ा मैच आया, वैभव ने मानों अपनी बल्लेबाजी का गियर बदल लिया. उन्होंने अर्धशतक तो जड़ा मगर उसके बनने की रफ्तार इतनी तेज रही कि एक नया वर्ल्ड रिकॉर्ड ही बन गया.
वैभव ने ट्राई सीरीज में बनाए 211 रन, 11 छक्के
वैभव सूर्यवंशी ने श्रीलंका ए के खिलाफ फाइनल में 29 गेंदों में 94 रन मारे, जिसमें 8 छक्के औक 10 चौके शामिल रहे. इस दौरान उन्होंने अपने 50 रन सिर्फ 11 गेंदों में पूरे किए और लिस्ट ए में सबसे तेज अर्धशतक का रिकॉर्ड बना दिया. फाइनल में खेली 94 रन की पारी के साथ वैभव सूर्यवंशी ने सीरीज का अंत 5 मैचों में 211 रन के आंकड़े के साथ किया, जिसमें कुल 11 छक्के शामिल रहे.

