0.भडिसार पंचायत के सरपंच धनुर्जय पटेल सहित अनेक जनप्रतिनिधि कर रहे विरोध, मामला पहुंचा जिला पंचायत की बैठक तक
सारंगढ़। सारंगढ़-बिलाईगढ जिले के वनांचल क्षेत्र में स्थित ग्राम पंचायत भडिसार, गंजाईभौना एवं बिलाईगढ जनपद के ग्राम पीपरडीह में प्रस्तावित शासकीय शराब दुकान को लेकर पूरे क्षेत्र में विरोध की लहर दौड़ पड़ी है। स्थानीय सरपंचों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने इस निर्णय के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
जानकारी के अनुसार, राज्य सरकार द्वारा सारंगढ़ और बिलाईगढ जनपद पंचायत की सीमा पर स्थित पीपरडीह गांव में नई शासकीय शराब दुकान खोलने का प्रस्ताव रखा गया है। प्रस्ताव की जानकारी मिलते ही क्षेत्र के लोगों में आक्रोश फैल गया। भडिसार पंचायत के सरपंच धनुर्जय पटेल ने बताया कि यह इलाका वनांचल का संवेदनशील क्षेत्र है, जहां आसपास के कई गांवों — जैसे पठारीपाली, गंजाईभौना, केडार और भडिसार — के छात्र-छात्राएं रोज़ाना बिलाईगढ, सरसींवा और भटगांव शिक्षा ग्रहण करने जाते हैं। इस मार्ग पर शराब दुकान खुलने से विद्यार्थियों, ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं को भारी असुविधा का सामना करना पड़ेगा और क्षेत्र में अपराध की आशंका भी बढ़ सकती है।
सरपंच पटेल के साथ ही बिलाईगढ जनपद के ग्राम गाताडीह के सरपंच अमर सिंह अमोदी सहित कई अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी एकजुट होकर इसका विरोध किया है। ग्रामीणों का कहना है कि शासन को जनभावनाओं का सम्मान करते हुए शराब दुकान को किसी अन्य उपयुक्त स्थान पर स्थानांतरित करना चाहिए।
बताया गया कि इस मुद्दे को हाल ही में आयोजित जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक में भी उठाया गया था, जहां प्रतिनिधियों ने एक स्वर में विरोध दर्ज कराते हुए कहा कि प्रस्तावित स्थान को बदलना आवश्यक है।
इधर, ग्रामीणों का आरोप है कि सरकार की ओर से संबंधित सरपंचों पर प्रस्तावित स्थल को मंजूरी देने का दबाव बनाया जा रहा है, हालांकि इस दावे की पुष्टि आधिकारिक रूप से नहीं हो सकी है।
फिलहाल, पूरे क्षेत्र में इस प्रस्ताव को लेकर विरोध की स्थिति बनी हुई है। यदि शासन ने निर्णय पर पुनर्विचार नहीं किया, तो सरपंचों और ग्रामीणों ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। अब देखना यह होगा कि सरकार जनप्रतिनिधियों की मांग पर निर्णय बदलती है या विरोध के बावजूद प्रस्तावित स्थान पर शराब दुकान खुलती है।



