जांजगीर-चांपा, 01 अगस्त (वेदांत समाचार)। जिले के पामगढ़ विकासखंड अंतर्गत शासकीय प्राथमिक शाला तेलीपारा डोंगाकोहरौद के प्रधान पाठक भुवनेश्वर कौशिक को वायरल वीडियो प्रकरण में निलंबित कर दिया गया है। कलेक्टर जन्मेजय महोबे के निर्देश पर हुई जांच के बाद जिला शिक्षा अधिकारी ने यह कार्रवाई की है।
जानकारी के अनुसार, स्कूल के प्रधान पाठक पर छात्र-छात्राओं के सामने अशोभनीय व्यवहार करने और आपत्तिजनक हरकत करने के आरोप लगे थे। घटना के बाद बच्चों ने इसकी जानकारी अपने परिजनों को दी थी। इसके बाद परिजन स्कूल पहुंचे और मामले की सूचना पामगढ़ पुलिस को दी गई। घटना से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में वायरल होने के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने मामले की तत्काल जांच के निर्देश दिए थे। कलेक्टर के निर्देश पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी पामगढ़ द्वारा जांच कर रिपोर्ट जिला शिक्षा अधिकारी को सौंपी गई। जांच प्रतिवेदन के आधार पर प्रथम दृष्टया प्रधान पाठक भुवनेश्वर कौशिक का आचरण गंभीर कदाचार की श्रेणी में पाए जाने पर उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा जारी आदेश में बताया गया कि सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में वायरल वीडियो तथा जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रधान पाठक का कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 के विपरीत पाया गया। जिसके तहत छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम-9 के अंतर्गत निलंबन की कार्रवाई की गई है।
वहीं इस मामले में पामगढ़ थाना प्रभारी सावन सारथी ने बताया कि डोंगाकहरौद गांव के शिक्षक के खिलाफ शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपी शिक्षक को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है। निलंबन अवधि के दौरान प्रधान पाठक भुवनेश्वर कौशिक का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय नवागढ़ निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी।
घटना के बाद ग्रामीणों और अभिभावकों में नाराजगी है। लोगों ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। प्रशासन ने मामले में जांच और आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी रखने की बात कही है।

