रायपुर, 16 जुलाई 2026। कभी नक्सल प्रभावित क्षेत्र के रूप में पहचाने जाने वाले सुकमा जिले की पहचान अब खेल, शिक्षा और युवा प्रतिभाओं के कारण तेजी से बदल रही है। इस बदलाव की मिसाल जिले की होनहार खिलाड़ी शैली गुप्ता बनी हैं, जिन्होंने नई दिल्ली के तालकटोरा इंडोर स्टेडियम में 24 से 26 जून तक आयोजित अंतरराष्ट्रीय मत्सोगी-डो चैंपियनशिप के 49 किलोग्राम सीनियर महिला वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर भारत, छत्तीसगढ़ और सुकमा का गौरव बढ़ाया है।
नेपाल, भूटान और बांग्लादेश के खिलाड़ियों की मौजूदगी वाली इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में शैली ने शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल मुकाबला एकतरफा अंदाज में अपने नाम किया और स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया।
शैली की इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर उप मुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव तथा सुकमा जिले के प्रभारी मंत्री केदार कश्यप ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं।
राज्य शासन द्वारा सुकमा में खेल अधोसंरचना के विकास, खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, प्रतियोगिताओं में भागीदारी के अवसर तथा विभिन्न खेल प्रोत्साहन योजनाओं का सकारात्मक परिणाम अब सामने आने लगा है। कठिन परिस्थितियों और सीमित संसाधनों के बावजूद जिले के युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने के बाद शैली गुप्ता ने अपने माता-पिता के साथ सुकमा कलेक्टर अमित कुमार से सौजन्य मुलाकात की। कलेक्टर ने उन्हें सम्मानित करते हुए उच्च शिक्षा एवं खेल के क्षेत्र में प्रशासन की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
शैली गुप्ता की यह सफलता केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि बदलते हुए सुकमा की नई पहचान का प्रतीक भी है। उनकी उपलब्धि जिले के युवाओं को बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने की प्रेरणा देगी। राज्य शासन शिक्षा, खेल और युवा विकास के क्षेत्र में लगातार प्रयास कर प्रदेश की प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और वैश्विक मंच तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

