दिल्ली,01अगस्त : दिल्ली के जंतर-मंतर में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के मामले में दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने कार्रवाई की प्रक्रिया तेज कर दी है। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस ने मामले को लेकर विस्तृत एक्शन प्लान तैयार किया है और जल्द ही कई बड़े इन्फ्लुएंसर्स, यूट्यूबर्स तथा 3 निजी कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। जानकारी के अनुसार, जांच एजेंसियां सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित वीडियो, पोस्ट, लाइव स्ट्रीम और अन्य डिजिटल सामग्री की गहन पड़ताल कर रही हैं। पुलिस यह जांच कर रही है कि प्रदर्शन के दौरान भीड़ जुटाने, भड़काऊ सामग्री प्रसारित करने या हिंसा को बढ़ावा देने में किसी व्यक्ति, समूह या संस्था की कोई भूमिका रही है या नहीं।
जानकारी के मुताबिक, दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल इस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच के दौरान डिजिटल मार्केटिंग, सोशल मीडिया मैनेजमेंट और कंटेंट प्रमोशन से जुड़ी तीन बड़ी कंपनियों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है। इसके लिए संबंधित कंपनियों के दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियों का फोकस उन सोशल मीडिया अकाउंट्स पर भी है, जिन्होंने प्रदर्शन और उससे जुड़े घटनाक्रम के दौरान कथित तौर पर भड़काऊ, भ्रामक या उकसाने वाला कंटेंट साझा किया। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि ऐसे कंटेंट का हिंसा और भीड़ के व्यवहार पर कोई प्रभाव पड़ा था या नहीं।
जांच एजेंसियां उन सोशल मीडिया अकाउंट्स की भूमिका भी खंगाल रही हैं, जिन्होंने प्रदर्शन से जुड़े कथित भड़काऊ, भ्रामक या उकसाने वाले कंटेंट को साझा किया। संबंधित सोशल मीडिया हैंडल्स की गतिविधियों का विश्लेषण किया जा रहा है और जांच के निष्कर्षों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। गौरतलब है कि यह पहला मामला नहीं है जब दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया गतिविधियों को जांच के दायरे में लिया हो। इससे पहले भी पुलिस करीब 180 सोशल मीडिया हैंडल्स को कथित रूप से भ्रामक जानकारी फैलाने के आरोप में जांच के दायरे में ला चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में भी कार्रवाई केवल उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर की जाएगी।
नीट पेपर लीक मामले को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा की जांच अब तेज हो गई है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल इस मामले की जांच कर रही है और डिजिटल सबूतों के आधार पर कई इन्फ्लुएंसर्स, यूट्यूबर्स तथा सोशल मीडिया नेटवर्क की भूमिका की पड़ताल कर रही है। छात्रों ने नीट पेपर लीक मामले में जवाबदेही तय करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में छात्र और युवा शामिल हुए थे। हालांकि, बाद में प्रदर्शन के हिंसक होने की खबरें भी सामने आईं। आरोप है कि इस दौरान कुछ स्थानों पर पुलिस वाहनों में तोड़फोड़ की गई और सुरक्षाकर्मियों के साथ मारपीट की घटनाएं भी हुईं।

