मुंबई । सोनी सब का यादें अपने गर्मजोशी, हास्य, दिल छू लेने वाले पलों और ड्रामा के बेहतरीन मिश्रण के साथ दर्शकों का मनोरंजन जारी रखता है। जैसे ही डॉ. देव मेहता (इक़बाल ख़ान) और डॉ. सृष्टि (गुलकी जोशी) उलझे रहते हैं, एक बच्चा और उसका परिवार उनकी ज़िंदगी को हिला देता है।
आने वाले एपिसोड्स में मरीज ध्रुव की हालत गंभीर मोड़ लेती है, जब उसे एक दुर्लभ बीमारी का पता चलता है, जिसके लिए तुरंत स्टेम सेल डोनर की आवश्यकता होती है। डॉ. देव और डॉ. सृष्टि उसकी जैविक फैमिली को खोजने की कोशिश में जुट जाते हैं और एक चौंकाने वाला सच सामने आता है, जो सब कुछ बदल देता है। डॉ. देव स्तब्ध रह जाते हैं जब उन्हें पता चलता है कि ध्रुव का पिता कोई और नहीं, बल्कि प्रलय सिंह है, वही व्यक्ति, जिसने कभी उन्हें गोली मारी थी। जैसे-जैसे पुराने सवाल फिर से उभरते हैं और राघव के केस की सच्चाई धीरे-धीरे सामने आने लगती है, डॉ. देव इस डर से घिर जाते हैं कि कहीं उन्होंने राघव को असफल, तो नहीं कर दिया। ध्रुव को बचाने की कोशिश करते हुए वे दृढ़ संकल्पित हैं कि इतिहास खुद को दोहराए नहीं।
क्या डॉ. देव, ध्रुव के पिता के बारे में सच्चाई का पता चलने के बाद ध्रुव को बचा पाएँगे?
आने वाले ट्रैक के बारे में बात करते हुए, इक़बाल खान ने साझा किया, “इस ट्रैक के बारे में मुझे सबसे ज़्यादा जो पसंद आया, वह यह है कि यह डॉ. देव का एक बिल्कुल अलग पहलू दर्शाता है। वह इस अपराधबोध को ढो रहे हैं कि कहीं उन्होंने राघव सिंह को असफल तो नहीं कर दिया और यह विचार उन्हें कभी पूरी तरह छोड़ता नहीं। जब उसी परिवार का एक और सदस्य उनकी ज़िंदगी में आता है, तो वे सारे अनुत्तरित सवाल और आत्म-संदेह फिर से सामने आ जाते हैं। उनका सबसे बड़ा डर यही है कि अगर कुछ दोबारा हुआ, तो वह खुद को कभी माफ नहीं कर पाएँगे। एक अभिनेता के तौर पर मुझे ये भावनाएँ बेहद वास्तविक लगीं, क्योंकि कभी-कभी सबसे कठिन लड़ाइयाँ वे होती हैं, जो आप अपने भीतर लड़ते हैं। मुझे लगता है दर्शक डॉ. देव की इस यात्रा से गहराई से जुड़ेंगे, जब वह पूरी कोशिश करते हैं कि इतिहास खुद को दोहराए नहीं।”
सोनी सब पर देखिए शो यादें, सोमवार से शनिवार रात 8:00 बजे, सिर्फ सोनी सब पर।

