यूपी,25 जून । मऊ में दो बहनों ने अपने भाई को बचाने के चक्कर में अपनी जान गंवा दी। लेकिन, इससे पहले उन्होंने अपने भाई को बचा लिया। सरयू में डूबते भाई को बहन ने बाहर निकाल दिया लेकिन खुद को नहीं बचा पाई। उसी बहन को बचाने में कूदी दूसरी बहन भी नदी में समा गई। दोनों की तलाश जारी है। मधुबन क्षेत्र में बुधवार को सरयू नदी में स्नान के दौरान दस वर्षीय छोटे भाई को बचाने में दो सगी बहनें में डूब गईं। देर शाम तक दोनों की तलाश जारी थी। गजियापुर निवासी किसान रामविलास यादव बुधवार सुबह साढ़े नौ बजे गांव के कुछ लोगों के साथ एकादशी पर सरयू नदी में स्नान करने के लिए आए थे।
रामविलास का 10 वर्षीय बेटा निर्भय यादव नदी में स्नान के दौरान डूबने लगा। छोटे भाई को डूबता देख बड़ी बहन 20 वर्षीय प्रियांशु नदी में कूदी और उसे धक्का देकर किसी तरह उसको किनारे पहुंचाया, लेकिन वह खुद गहरे पानी में जाने से डूबने लगी। इस बीच बड़ी बहन को नदी में डूबता देख उसे बचाने के लिए उसकी छोटी बहन 12 वर्षीय प्रतिज्ञा भी नदी में कूद गई। देखते ही देखते दोनों बहनें नदी के गहरे पानी में समा गईं। इस दौरान स्थानीय गोताखोर दोनों को बचाने के प्रयास में जुट गए, लेकिन सफलता नहीं मिली। एनडीआरएफ के गोताखोरों की टीम देर शाम तक जुटी रही। अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार ने बताया कि गजियापुर गांव निवासी किसान परिवार के लोग घर से लगभग तीन किमी दूर स्थित सरयू नदी में स्नान के लिए आए थे।
इसी दौरान अपने 10 वर्षीय भाई को नदी में डूबने से बचाने के प्रयास में दोनों बहनें गहरे पानी में डूब गईं। नदी में डूबीं लड़कियों को बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार चल रहा है। मधुबन थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत गजियापुर में डूबते छोटे भाई को बचाने के प्रयास में नदी के गहरे पानी में डूबी दो बेटियों का बुधवार की देर शाम तक कोई पता नहीं चलने पर पूरा परिवार सदमे में हैं। परिजन देर रात तक रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे लोगों को देखते नजर आए। वहीं दो बेटियों के नदी में डूबने की घटना के बाद परिजनों को ढांढ़स बंधाने के लिए काफी संख्या में आसपास के लोग जुटे रहे।

