कोरबा, 7 अप्रैल 2026। बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग ने कोरबा जिले का वार्षिक निरीक्षण करते हुए कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने तथा अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी ने उनका स्वागत किया और पूरे निरीक्षण कार्यक्रम का नेतृत्व किया।
निरीक्षण की शुरुआत पुलिस लाइन कोरबा के परेड ग्राउंड से हुई, जहां आयोजित परेड में पांच टोलियों में अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए। परेड में सभी का टर्नआउट उत्कृष्ट रहा। इस दौरान बेहतर प्रदर्शन करने वाले 15 से 17 पुलिसकर्मियों को सम्मानित और पुरस्कृत किया गया।

परेड निरीक्षण के बाद पुलिस सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने अपनी समस्याएं रखीं। आईजी ने मौके पर ही कई समस्याओं का समाधान किया। इसके बाद पुलिस लाइन में बलवा ड्रिल सामग्री, एमटी शाखा, आर्म्स शाखा और कैंटीन का निरीक्षण कर आवश्यक निर्देश दिए गए।
इसके पश्चात पुलिस अधीक्षक कार्यालय की विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण किया गया। सभागार में राजपत्रित अधिकारियों की क्राइम मीटिंग आयोजित कर लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण, अपराध नियंत्रण, गंभीर मामलों की सतत निगरानी, कोर्ट प्रक्रियाओं के पूर्ण होने तक पर्यवेक्षण, ‘अनुभव क्यूआर कोड’ के माध्यम से नागरिकों से फीडबैक लेने तथा ‘सशक्त ऐप’ के जरिए दोपहिया वाहनों की रिकवरी को बढ़ावा देने जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई।

बैठक में बीट प्रणाली को मजबूत बनाने, ऑपरेशन तलाश के तहत गुमशुदा व्यक्तियों की खोज तेज करने, अपराधों के त्वरित निष्पादन तथा कानून-व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा पर विशेष जोर दिया गया।
निरीक्षण के दौरान आईजी रामगोपाल गर्ग ने बालको थाना का भी सघन निरीक्षण किया। यहां उन्होंने मालखाना, रिकॉर्ड रूम के रख-रखाव, पुराने माल के निपटान, समंस और वारंट की तामिली, सीसीटीएनएस प्रबंधन, रोजनामचा संधारण और पेट्रोलिंग व्यवस्था की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने बीट प्रणाली को आरक्षक स्तर तक प्रभावी ढंग से लागू करने तथा पुलिसिंग को और अधिक जिम्मेदार एवं जनहितैषी बनाने पर जोर दिया।
इस अवसर पर यह भी बताया गया कि कोरबा पुलिस द्वारा “सजग कोरबा – सतर्क कोरबा” अभियान के तहत आमजन की सुरक्षा और अपराध नियंत्रण के लिए लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है।
आईजी ने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को सतर्क, जवाबदेह और जनसेवा के प्रति समर्पित रहते हुए कार्य करने के निर्देश दिए तथा आधुनिक तकनीकों के उपयोग से पुलिसिंग को और मजबूत बनाने पर बल दिया।
