जैजैपुर, 21 नवंबर । छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में बुधवार को जैजैपुर में भव्य निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का आयोजन छत्तीसगढ़ यादव समाज (33 जिले), लायंस क्लब एवरेस्ट (क्लब नंबर 096456), पतंजलि आरोग्य केंद्र, शांतिकुंज गायत्री परिवार जैजैपुर तथा माई लाइफ माई स्टाइल ग्लोबल प्राइवेट लिमिटेड के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। यह शिविर पतंजलि आरोग्य केंद्र, नरेश मेडिकल डिस्ट्रीब्यूटर, एचडीएफसी बैंक के पास मेन रोड जैजैपुर में संपन्न हुआ।
शिविर में अस्थि खनिज घनत्व (बोन मिनरल डेंसिटी) जांच, मधुमेह रक्त शर्करा जांच तथा स्त्री-पुरुष और बच्चों के सभी सामान्य, साध्य, कष्टसाध्य एवं असाध्य रोगों के लिए आयुर्वेद-योग चिकित्सा परामर्श एवं उपचार निःशुल्क प्रदान किया गया। कुल 153 रोगियों ने विभिन्न सेवाओं का लाभ लिया।
शिविर में उपचार सेवाएँ पतंजलि योगपीठ हरिद्वार से प्रशिक्षित ख्यातिलब्ध चिकित्सिका वैद्या डॉ. वागेश्वरी शर्मा तथा पतंजलि योगपीठ हरिद्वार के आजीवन सदस्य नाड़ीवैद्य डॉ. नागेंद्र नारायण शर्मा द्वारा प्रदान की गईं। कार्यक्रम का शुभारंभ जैजैपुर जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ताजेश्वर यादव, हसौद तहसीलदार डॉ. रवि राठौर सहित दोनों चिकित्सकों एवं उपस्थित जनों द्वारा भगवान धनवंतरी और भारत माता के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया।
बीएमडी जांच दिल्ली से आए टेक्नीशियन बालेश्वर रात्रे द्वारा की गई जिसमें 108 लोगों की अस्थि खनिज घनत्व जांच की गई। वहीं 81 रोगियों की रक्त शर्करा जाँच भी निःशुल्क की गई। आयुर्वेद चिकित्सकों ने प्रत्येक रोगी को आयुर्वेदिक सिद्धांतों के अनुसार आहार-विहार, दिनचर्या-ऋतुचर्या तथा रोगों से मुक्ति के उपायों की जानकारी विस्तार से दी।
डॉ. नागेंद्र नारायण शर्मा ने शिविरार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आयुर्वेद शरीर और स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए हितकर और अहितकर चीजों का स्पष्ट ज्ञान प्रदान करता है। उन्होंने सलाह दी कि स्वस्थ रहने हेतु आयुर्वेद में वर्णित नियमों का पालन करें और अपनी दिनचर्या में योग-प्राणायाम को अनिवार्य रूप से शामिल करें।
डॉ. वागेश्वरी शर्मा ने कहा कि संपूर्ण स्वास्थ्य तभी संभव है जब तन और मन दोनों स्वस्थ हों, और इसका सर्वांगीण उपचार केवल आयुर्वेद में विस्तृत रूप से मिलता है। रोगानुसार योगाभ्यास—मण्डूकासन, शशकासन, पादहस्तासन, वक्रासन, मर्कटासन तथा प्राणायाम—भस्त्रिका, कपालभाति और अनुलोम-विलोम का प्रशिक्षण भी शिविरार्थियों को व्यक्तिगत रूप से दिया गया।
शिविर में पहुंचे लोगों ने निःशुल्क जांच, उपचार एवं योग-प्रशिक्षण प्राप्त कर संतोष व्यक्त किया तथा आयोजन के प्रति आभार जताया।
कार्यक्रम में ताजेश्वर यादव, डॉ. रवि राठौर, अश्विनी बुनकर, नेत्रनंदन साहु, कमल धारिया, मनीष कौशिक, लक्की यादव, सावित्री तिवारी, सरिता यादव एवं पतंजलि आरोग्य केंद्र के संचालक सुरेंद्र यादव सहित कई सहयोगियों ने विशेष उपस्थिति दर्ज कराई।



