दुर्ग में भू-माफियाओं पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, बसनी गांव में शासकीय भूमि को कराया गया अतिक्रमण मुक्त - vedantsamachar.in

दुर्ग में भू-माफियाओं पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, बसनी गांव में शासकीय भूमि को कराया गया अतिक्रमण मुक्त

दुर्ग, 23 जून 2026 (वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ में शासकीय भूमि पर अवैध कब्जों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दुर्ग जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए धमधा तहसील के ग्राम बसनी में सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की जीरो टॉलरेंस नीति और सुशासन के संकल्प के अनुरूप की गई इस कार्रवाई से भू-माफियाओं और अवैध कब्जाधारियों को स्पष्ट संदेश दिया गया है कि शासकीय भूमि पर किसी भी प्रकार का कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

कलेक्टर अभिजीत सिंह के निर्देशन में राजस्व विभाग और ग्राम पंचायत की संयुक्त टीम ने ग्राम बसनी में लंबे समय से शासकीय भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई की। प्रशासन को शिकायत मिली थी कि कुछ प्रभावशाली व्यक्तियों द्वारा सरकारी जमीन पर झटका तार लगाकर तथा खरीफ और रबी फसलों की खेती कर अवैध कब्जा किया गया है। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए मामले की तत्काल जांच कराई गई।

तहसीलदार द्वारा हल्का पटवारी से प्रतिवेदन प्राप्त कर विस्तृत जांच और सुनवाई की गई। जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद संबंधित कब्जाधारियों के विरुद्ध नियमानुसार बेदखली आदेश जारी किया गया। आदेश के पालन में 22 जून को राजस्व विभाग और ग्राम पंचायत बसनी की टीम ने मौके पर पहुंचकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की और शासकीय भूमि को मुक्त कराया।

प्रशासनिक जानकारी के अनुसार सेवाराम लोधी द्वारा शासकीय खसरा नंबर 1077 की 20 डिसमिल तथा खसरा नंबर 1188 की 0.34 हेक्टेयर भूमि पर किए गए अवैध कब्जे को हटाया गया। इसी प्रकार राजकुमार लोधी के कब्जे से 7 डिसमिल और राजकपूर लोधी के कब्जे से 13 डिसमिल शासकीय भूमि मुक्त कराई गई।

इसके अलावा शिवकुमार मौर्य द्वारा खसरा नंबर 1077 की 8 डिसमिल तथा खसरा नंबर 1076 की 0.19 हेक्टेयर भूमि पर किए गए अवैध कब्जे को भी हटाया गया। मौके पर लगाए गए झटका तारों को हटाकर भूमि को शासन के कब्जे में लिया गया और सुरक्षित किया गया।

राजस्व विभाग ने बताया कि पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण एवं विधिसम्मत तरीके से संपन्न की गई। इस दौरान राजस्व निरीक्षक धमधा, राजस्व निरीक्षक पेण्ड्रावन, हल्का पटवारी तथा ग्राम पंचायत सचिव सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप शासकीय संपत्तियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। भू-माफियाओं, अवैध कब्जाधारियों और सरकारी भूमि का दुरुपयोग करने वाले लोगों के खिलाफ भविष्य में भी इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

प्रशासन की इस कार्रवाई का स्थानीय ग्रामीणों ने स्वागत किया है। लोगों का मानना है कि सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने से सार्वजनिक संपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी और शासन की योजनाओं के लिए भूमि उपलब्ध हो सकेगी।