Yoga Day 2026: योग दिवस 2026 से पहले बना ऐतिहासिक रिकॉर्ड: PM मोदी के साथ योग करने के लिए 6 लाख संगठनों ने कराया पंजीकरण, देशभर में दिखा अभूतपूर्व उत्साह - vedantsamachar.in

Yoga Day 2026: योग दिवस 2026 से पहले बना ऐतिहासिक रिकॉर्ड: PM मोदी के साथ योग करने के लिए 6 लाख संगठनों ने कराया पंजीकरण, देशभर में दिखा अभूतपूर्व उत्साह

नई दिल्ली,20 जून। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (International Day of Yoga-2026) से पहले देशभर में योग को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। आयुष मंत्रालय की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ योग करने और योग दिवस कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए 6 लाख से अधिक संगठनों ने योग संगम पोर्टल पर पंजीकरण कराया है। यह अब तक का एक बड़ा रिकॉर्ड माना जा रहा है, जो योग के प्रति लोगों की बढ़ती जागरूकता और जनभागीदारी को दर्शाता है।

आयुष मंत्रालय ने बताया कि 21 जून को मनाए जाने वाले 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। इस वर्ष आयोजित होने वाला योग दिवस कई मायनों में खास रहने वाला है, क्योंकि देशभर में लाखों लोग एक साथ योगाभ्यास कर “योग संगम” अभियान का हिस्सा बनेंगे। मंत्रालय का कहना है कि यह केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जन-जन से जुड़ा राष्ट्रीय आंदोलन बन चुका है।

6 लाख पंजीकरण का आंकड़ा पार, देशभर से जुड़ रहे लोग
आयुष मंत्रालय के मुताबिक, योग संगम पोर्टल पर पंजीकृत संगठनों की संख्या 6 लाख के पार पहुंच गई है। यह उपलब्धि बताती है कि देश के विभिन्न हिस्सों में योग को लेकर लोगों का उत्साह लगातार बढ़ रहा है। स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय, सरकारी कार्यालय, निजी संस्थान, उद्योग, सामाजिक संगठन, स्वयंसेवी संस्थाएं और सामुदायिक समूह बड़ी संख्या में इस अभियान से जुड़ रहे हैं।

मंत्रालय ने बताया कि पंजीकृत संस्थाएं अपने-अपने स्थानों पर सामूहिक योग सत्र आयोजित करेंगी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में होने वाले राष्ट्रीय योग कार्यक्रम का हिस्सा बनेंगी। इसके जरिए पूरे देश में एक साथ योग करने का वातावरण तैयार किया जा रहा है।

778 जिलों तक पहुंचा योग संगम अभियान
आयुष मंत्रालय के अनुसार, योग संगम अभियान देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों तक पहुंच चुका है। देश के 778 जिलों में इस अभियान की व्यापक भागीदारी दर्ज की गई है। यह पहल संस्थानों और समुदायों को एक मंच पर लाकर योग को जनआंदोलन बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है।

कौन-कौन से संगठन जुड़े?
योग संगम पोर्टल पर पंजीकृत संगठनों में—

3.22 लाख से अधिक सरकारी संस्थान
करीब 2 लाख शैक्षणिक संस्थान
16 हजार से अधिक निजी संस्थान
5 हजार से ज्यादा गैर-सरकारी संगठन (NGO)
44 हजार से अधिक सामुदायिक संगठन
शामिल हैं। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि योग दिवस अब केवल एक दिन का आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक सहभागिता का बड़ा अभियान बन चुका है।

पश्चिम बंगाल सबसे आगे, कई राज्यों में जबरदस्त भागीदारी
राज्यों की भागीदारी की बात करें तो पश्चिम बंगाल सबसे आगे है। यहां 2.76 लाख से अधिक संगठनों ने योग संगम पोर्टल पर पंजीकरण कराया है। इसके बाद राजस्थान, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, मध्य प्रदेश, असम, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु, ओडिशा और छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यों में भी बड़ी संख्या में संस्थाएं इस अभियान से जुड़ी हैं।

‘Yoga for Healthy Ageing’ है इस वर्ष की थीम
आयुष मंत्रालय ने बताया कि इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 की थीम “Yoga for Healthy Ageing” (स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग) रखी गई है। इसका उद्देश्य लोगों को यह संदेश देना है कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि स्वस्थ, सक्रिय और संतुलित जीवनशैली का आधार है। विशेष रूप से बुजुर्गों के स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता बेहतर बनाने में योग की महत्वपूर्ण भूमिका को इस बार प्रमुखता से प्रस्तुत किया जाएगा।

PM मोदी के नेतृत्व में होगा मुख्य आयोजन
21 जून को आयोजित होने वाले मुख्य कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देशवासियों को संबोधित करेंगे और सामूहिक योगाभ्यास में भाग लेंगे। देशभर के लाखों लोग लाइव प्रसारण के माध्यम से इस कार्यक्रम से जुड़ेंगे। इसके अलावा विभिन्न शहरों, गांवों, शैक्षणिक संस्थानों और सार्वजनिक स्थलों पर विशेष योग सत्र आयोजित किए जाएंगे।

योग को जन आंदोलन बनाने की दिशा में बड़ा कदम
आयुष मंत्रालय का मानना है कि योग संगम पोर्टल पर रिकॉर्ड पंजीकरण इस बात का प्रमाण है कि योग आज भारत की सांस्कृतिक पहचान के साथ-साथ वैश्विक स्वास्थ्य आंदोलन का भी महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। मंत्रालय ने अधिक से अधिक संस्थाओं और लोगों से इस अभियान में जुड़ने की अपील की है, ताकि योग के माध्यम से स्वस्थ और समृद्ध भारत के निर्माण के लक्ष्य को आगे बढ़ाया जा सके।