रायगढ़, 12 मार्च (वेदांत समाचार)। जिले में फरार आरोपियों और वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे “ऑपरेशन तलाश” के तहत रायगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। हत्या के प्रयास के मामले में फरार चल रहे पांच आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इनमें अभिषेक ठाकुर, सत्यम महंत और तीन विधि से संघर्षरत बालक शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार 4 मार्च 2026 की दोपहर बोईरदादर कृष्णा वाटिका कॉलोनी निवासी मो. जीशान राजा अपने साथी रोशन सिंह के साथ एचएफ डिलक्स मोटरसाइकिल से कोतरारोड़ की ओर गए थे। दीपक किराना दुकान के पास रोशन सिंह मोबाइल पर बात करने के लिए रुके थे, तभी दो अपचारी बालक वहां पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए मोटरसाइकिल की चाबी निकाल ली। इसी दौरान अभिषेक ठाकुर एक्टिवा से वहां पहुंचा और शराब पीने के लिए पैसे मांगने लगा। मना करने पर उसने ईंट से हमला कर दिया और उसके अन्य साथी भी मारपीट में शामिल हो गए।
हमले में रोशन सिंह को सिर के पीछे, सीने और पेट में धारदार हथियार से गंभीर चोटें आईं। घायल को पहले मेडिकल कॉलेज रायगढ़ और बाद में मेट्रो अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की रिपोर्ट पर कोतवाली थाना में अपराध क्रमांक 104/2026 के तहत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
जांच के दौरान आरोपी फरार हो गए थे। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे ऑपरेशन तलाश के तहत पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर अभिषेक ठाकुर, सत्यम महंत और तीन अपचारी बालकों को गिरफ्तार कर लिया। एक बालक के पास से घटना में प्रयुक्त चाकू भी जब्त किया गया। मामले में साक्ष्यों के आधार पर हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गई हैं।
गिरफ्तार आरोपियों में अभिषेक ठाकुर (24) निवासी सोनिया नगर कोतरारोड़ तथा सत्यम महंत (21) निवासी तेंदुडीपा दरोगामुड़ा शामिल हैं। दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस के मुताबिक अभिषेक ठाकुर आदतन बदमाश है और उसके खिलाफ कोतवाली थाना में लूट, बलवा, आर्म्स एक्ट और मारपीट सहित 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसके खिलाफ चार बार प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की जा चुकी है तथा उसका नाम गुंडा बदमाश सूची में शामिल करने की प्रक्रिया जारी है।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक सुखनंदन पटेल, उपनिरीक्षक दिलीप बेहरा और पुलिस टीम की अहम भूमिका रही।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि जिले में गंभीर अपराध करने वाले आरोपियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा। हत्या के प्रयास जैसे मामलों में शामिल अपराधियों की पहचान कर उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जा रहा है और आदतन बदमाशों पर पुलिस की कड़ी निगरानी रखी जा रही है।