बिलासपुर,12 मार्च 2025 (वेदांत समाचार): बिलासपुर के कारोबारी को दवाइयां और सर्जिकल आइटम की सप्लाई करने का झांसा देकर गुवाहाटी के सप्लायर ने तीन करोड़ 15 लाख रुपए की ठगी कर ली। कारोबारी से उसने एडवांस बतौर किश्तों में पैसे ले लिया, जिसके बाद न तो मेडिकल सामानों की सप्लाई की और न ही पैसे वापस किए। इस मामले में पुलिस ने धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है। मामला सिरगिट्टी थाना क्षेत्र का है।
तिफरा के आर्या कालोनी में रहने वाले राकेश खरे दवाई और सर्जिकल आइटम के सप्लायर हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि साल 2021 में असम के गुवाहाटी में रहने वाले नरेंद्र सिन्हा से उनकी मुलाकात हुई थी। उसने खुद को उत्तरी कछार हिल्स स्वायत्त जिला परिषद यानी कि दिमा हसाओ के काउंसिल का मेंबर बताया। साथ ही व्यापार में राकेश की मदद करने की बात कही। उसने मई माह में दिमा हसाओ से फेस मास्क, पीपीई किट, ग्लब्स के आर्डर की कापी भेजी और बताया कि यह आर्डर 14 करोड़ का था।
सप्लायर बताकर कराया परिचय और दिलाया एडवांस
राकेश खरे को उसने गुवाहाटी में विवेक फुकान, हिरेंद्र सिन्हा से मुलाकात कराई और बताया कि दोनों फेस मास्क, पीपीई किट, ग्लब्स का सप्लायर है। उनसे सामान खरीदी करने के लिए एडवांस पैसे दिला दिया। साथ ही बड़ा आर्डर मिलने की का झांसा दिया। उसके कहने पर राकेश ने विवेक फुकान और हिरेंद्र सिन्हा के फर्म को अलग-अलग कर तीन करोड़ 15 लाख रुपए एडवांस बतौर भुगतान कर दिया।
न तो आर्डर मिला और न ही सामानों की सप्लाई की
इधर, व्यवसायी राकेश को न तो दिया हसाओ से कोई आर्डर मिला, न ही उन्हें सामान की सप्लाई की गई। व्यवसायी राकेश ने जब अपने रुपए वापस मांगे तो टालमटोल की गई। करीब चार साल बाद व्यवसायी ने इस मामले की शिकायत सिरगिट्टी थाने में की है। जिस पर पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।