लखनऊ 23 नवंबर 2025। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत रविवार को दिव्य गीता प्रेरणा उत्सव में शामिल होंगे। यह एक बड़े पैमाने पर होने वाला आध्यात्मिक समागम है, जिसका मकसद भगवद् गीता के यूनिवर्सल और जीवन को बेहतर बनाने वाले संदेशों को बढ़ावा देना है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी इस उत्सव में मौजूद रहेंगे। मोहन भागवत रविवार को अपना लखनऊ दौरा शुरू करेंगे। लखनऊ में वे कई जरूरी आध्यात्मिक और संगठनात्मक कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। इसके बाद वे शाम को अयोध्या के लिए रवाना हो जाएंगे।
सुबह 11:30 बजे वे जनेश्वर मिश्र पार्क पहुंचेंगे और वहां ‘दिव्य गीता प्रेरणा उत्सव’ में शामिल होंगे। इस कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालु, विद्वान और गणमान्य लोग आएंगे। यह उत्सव ‘श्रीकृष्ण कृपा जियो गीता परिवार, उत्तर प्रदेश’ द्वारा आयोजित किया जा रहा है। इसका प्रेरणा स्रोत पूज्य गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद जी महाराज हैं।
16 नवंबर को हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में ऑर्गनाइजेशन ने तेजी से बढ़ रहे जियो गीता अभियान के विजन, मकसद और आगे के विस्तार के प्लान के बारे में बताया। इसका मकसद भारत और विदेश में रहने वाले लोगों तक गीता की शिक्षा पहुंचाना है।
लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के बाद मोहन भागवत सीधे जियामऊ में मौजूद विश्व संवाद केंद्र ऑफिस जाएंगे, जहां वे कुछ समय पदाधिकारियों से बातचीत करेंगे और चल रही ऑर्गेनाइजेशनल एक्टिविटीज का रिव्यू करेंगे।
इसके बाद, शाम में वे अयोध्या के लिए रवाना होंगे, जहां वे आरएसएस ऑफिस, साकेत निलयम में रुकेंगे। 24 नवंबर को उनके अयोध्या के कामों में गुरु तेग बहादुर के शहीदी दिवस के मौके पर गुरुद्वारा ब्रह्मकुंड में एक खास इवेंट में शामिल होना और उसे एड्रेस करना शामिल है।
मोहन भागवत अयोध्या में अलग-अलग साधुओं, संतों, बुद्धिजीवियों और संघ के पदाधिकारियों से भी मिलेंगे। मोहन भागवत उनसे आरएसएस के शताब्दी वर्ष के लिए प्लान किए गए इवेंट्स से जुड़ी तैयारियों और प्रोग्रेस का रिव्यू करने की उम्मीद है, जिसे पूरे देश में कई कल्चरल, सोशल और ऑर्गेनाइज़ेशनल कोशिशों के जरिए मनाया जाएगा।



