Vedant Samachar

कुसमुंडा माइंस में हावी डीजल चोर, खौफ में प्रबंधन

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कोरबा,12अगस्त (वेदांत समाचार)। साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड के कुसमुंडा क्षेत्र में लंबे अंतराल तक शांति रही और अब फिर से चोर उचक्को की गतिविधियां शुरू हो गई है। प्रबंधन इस गिरोह से खौफ खा रहा है और उसके बारे में रिपोर्ट लिखने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा है । डीजल चोर गिरोह प्रमुख नवीन कश्यप पर पुलिस ने इनाम भी घोषित किया है। नई खबर यह है कि अब चोर सिंडिकेट के द्वारा पत्रकारों को धमकी दी जा रही है।

याद रखना होगा कि कुछ साल पहले तक संपूर्ण कोरबा जिले के साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड के इलाके में डीजल से लेकर कोयला और स्क्रैप की चोरी बड़े पैमाने पर होती रही। उस समय इस बात का हल्ला रहा की इस तरह की गतिविधियों के लिए ऊपर से कॉन्ट्रैक्ट दिया गया है और इसलिए इस पर अंकुश का कोई सवाल ही नहीं । एक तरह से संगठित अपराध था जिसने कोरबा जिले में जमकर सुर्खियां बटोरी। छत्तीसगढ़ में भाजपा नेतृत्व की नई सरकार आने के बाद इस पर मां केवल लगाम लगी बल्कि ऐसे ठिकानों पर सील की गई।

जानकारी के अनुसार पिछले कुछ दिनों से कुसमुंडा कोल माइंस में डीजल चोरी की घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है। दावा किया जा रहा है कि भीतर ही भीतर डीजल की खपत भी हो जा रही है। चौंकाने वाली बात यह है कि कोयला प्रबंधन अपने यहां सुरक्षा गतिविधियों को उपभोक्ता बनाने के लिए अर्धसैनिक बल और विभागीय सुरक्षा बल की सेवाएं प्राप्त कर रहा है ।

वेतन और अन्य सुविधाओं के नाम पर हर महीने बड़ी राशि खर्च की जा रही है । और इतना सब कुछ होने पर भी खदानों से डीजल की चोरी बड़े पैमाने पर हो रही है। यह बात अलग है कि कुछ मामले सुरक्षा बल की जानकारी में आए हैं और फिर इसे आगे बढ़ाया गया है। एसईसीएल कुसमुंडा में एक प्रकार से बड़ा खेल है। इसके प्रमुख कर्ताधर्ता में नवीन कश्यप का नाम लिया जा रहा है जो फरार है और उस पर पुलिस ने इनाम घोषित किया है।

जानकारी मिली है कि लगातार इस प्रकार के मामले मीडिया में आने पर चोर गिरोह की ओर से धमकी देकर देख लेने की बात की जा रही है। कहा जा रहा है कि सब कुछ बेहतर तरीके से किया जा रहा है तो आप लोग बीच में इंटरफेयर क्यों कर रहे हो और इससे कुछ होना नहीं है। ध्यान देने वाली बात यह है कि डीजल की चोरी और कुसमुंडा खदान के भीतर से हो रही है और वहां पर निगरानी के लिए अच्छे प्रबंध भी हैं तो आखिर आशीर्वाद कहां से मिला हुआ है।

कई बार हो चुके हैं हमले


कोरबा जिले में कोल इंडिया की मेगा माइंस संचालित हो रही है। साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड के सांसद कोल इंडिया को कोरबा जिले से बहुत सारी उम्मीदें हैं समय के साथ लगातार उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। केवल इसी इरादे से कोल माइंस की सभी जरूरत को पूरा करने के लिए इक्विपमेंट के अलावा फंड और मैनपॉवर उपलब्ध कराया जा रहा है।

याद रखना होगा कि विभिन्न खनन क्षेत्र में बीते समय में संगठित चोर गिरोह के द्वारा अपने कारनामे को अंजाम देने के लिए हर स्तर पर जोखिम उठाई गई। किसी भी तरह से रोक-टोक करने पर लाठी डंडा और हथियार से हमले भी कर दिए गए।। इन घटनाओं में सुरक्षा कर्मियों के अलावा अन्य कर्मचारी घायल हुए।

इनकी रिपोर्ट अलग-अलग पुलिस थानों में दर्ज भी है। अपराधिक तत्वों की हरकतों पर लगाम नहीं लगने के कारण कर्मचारियों को अपनी जिंदगी की चिंता है। इसलिए वह बहुत ज्यादा सक्रियता दिखाने के मूड में नहीं है।

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