कोरबा, 19 अप्रैल (वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में अप्रैल माह के मध्य में ही भीषण गर्मी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। बीते कुछ दिनों से तापमान लगातार बढ़ रहा है, जिससे जनजीवन प्रभावित होने लगा है। दोपहर के समय तेज धूप और लू जैसे हालात के कारण सड़कों पर सन्नाटा नजर आ रहा है और लोग जरूरी काम के बिना घरों से निकलने से बच रहे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार, जिले का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है, जबकि न्यूनतम तापमान भी 26 से 28 डिग्री के बीच बना हुआ है। तापमान में लगातार हो रही वृद्धि के चलते गर्मी का असर सुबह 10 बजे के बाद ही महसूस होने लगता है, जो शाम तक बना रहता है।
गर्मी के कारण सबसे अधिक परेशानी मजदूर वर्ग, राहगीरों और खुले में काम करने वाले लोगों को हो रही है। दोपहर के समय बाजारों में भीड़ कम हो गई है और कई स्थानों पर दुकानें आंशिक रूप से बंद रखी जा रही हैं। वहीं स्कूलों में भी बच्चों को गर्मी से बचाव के लिए विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
अस्पतालों में भी गर्मी से संबंधित बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। डिहाइड्रेशन, चक्कर आना, उल्टी-दस्त और लू लगने जैसे लक्षणों के साथ लोग इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों ने लोगों को अधिक से अधिक पानी पीने, धूप में निकलते समय सिर को ढकने और हल्के कपड़े पहनने की सलाह दी है।
नगर निगम और प्रशासन की ओर से भी गर्मी से राहत के लिए कुछ स्थानों पर पेयजल की व्यवस्था की जा रही है। हालांकि, कई क्षेत्रों में पानी की किल्लत की शिकायतें भी सामने आ रही हैं, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है।
मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने की संभावना जताई है। ऐसे में प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक रूप से दोपहर के समय बाहर न निकलने की अपील की है।

