वाशिंगटन,02 जुलाई । आतंकवाद के खिलाफ मिलकर काम करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए क्वाड देशों के विदेश मंत्रियों ने कहा है कि जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए “निंदनीय” हमले के जिम्मेदार लोगों को तुरंत सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने यह भी अपील की कि संबंधित देश इस मामले में जांच कर रही एजेंसियों के साथ पूरा सहयोग करें। मंगलवार को अपनी बैठक के बाद एक साझा बयान में क्वाड देशों के विदेश मंत्रियों ने कहा, हम इस निंदनीय हमले के अपराधियों, योजनाकारों और फंड देने वालों को जल्द से जल्द सजा दिलाने की मांग करते हैं।
साथ ही, हम सभी संयुक्त राष्ट्र सदस्य देशों से अपील करते हैं कि वे अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के संबंधित प्रस्तावों के तहत इस मामले में जांच एजेंसियों का पूरा सहयोग करें। बयान में कहा गया, क्वाड देश सीमा पार आतंकवाद समेत हर तरह के आतंकवाद और हिंसक उग्रवाद की कड़ी निंदा करते हैं और आतंकवाद के खिलाफ मिलकर काम करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हैं।
भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर, अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो, ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग और जापान के विदेश मंत्री ताकेशी इवाया ने भारत-प्रशांत क्षेत्र के प्रमुख लोकतांत्रिक देशों का प्रतिनिधित्व करते हुए इस साल दूसरी बार मंत्री स्तरीय बैठक की। उन्होंने कहा, हम 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा करते हैं, जिसमें 25 भारतीय और एक नेपाली नागरिक की मौत हो गई और कई अन्य लोग घायल हुए। बयान में हमले के दोषियों को सजा दिलाने की अपील की गई। हालांकि किसी देश का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया गया। लेकिन यह साफ था कि इशारा किस ओर है, क्योंकि यह हमला ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ ने किया था, जो लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा एक संगठन है और जिसे पाकिस्तान का समर्थन प्राप्त है।



