कोरबा,20 मार्च (वेदांत समाचार)। एसईसीएल (South Eastern Coalfields Limited) की गेवरा खदान में चालक बहुरन दास के साथ हुई मारपीट और जान से मारने की धमकी के मामले ने तूल पकड़ लिया है। घटना के विरोध में खदान कर्मचारियों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
ताजा जानकारी के अनुसार, विद्युत एवं यांत्रिकी विभाग के 50 से अधिक कर्मचारियों ने हाजिरी दर्ज कराने के बाद काम पर जाने से इनकार कर दिया और कार्यालय परिसर में ही धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने मारपीट में शामिल शिफ्ट डंपर ऑपरेटरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
कर्मचारियों का कहना है कि जब तक दोषियों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, वे काम पर वापस नहीं लौटेंगे। इससे खदान के कामकाज पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। विरोध कर रहे कर्मचारियों ने गेवरा के महाप्रबंधक (जीएम) से मौके पर पहुंचकर बातचीत करने और समस्या का समाधान निकालने की मांग की है।
कर्मचारियों ने यह भी कहा कि उच्च प्रबंधन को मौके पर पहुंचकर उनकी बात सुननी चाहिए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सुरक्षा की गारंटी देनी चाहिए।
गौरतलब है कि पीड़ित बहुरन दास ने दीपका थाने में प्रियेश दुबे सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई है। मामले में प्रबंधन द्वारा सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस को सौंप दिए गए हैं।
फिलहाल पूरे घटनाक्रम को लेकर खदान क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है और सभी की नजरें प्रबंधन एवं पुलिस की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।
