बिलासपुर, 15 मार्च (वेदांत समाचार)। जिले के सीपत थाना क्षेत्र में झाड़-फूंक के बहाने घर से नगदी और सोने-चांदी के जेवर पार करने के मामले में पुलिस ने दो साल से फरार महिला आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी महिला को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार ग्राम कुकदा निवासी मनीषा कानगो (19) ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 8 दिसंबर 2023 की रात करीब 11:45 बजे उसके पिता अनिल कानगो और मां गोंदा बाई ने झाड़-फूंक कराने के लिए ग्राम जाली थाना रतनपुर निवासी जनक राम सौरा और उसकी पत्नी को घर बुलाया था। झाड़-फूंक के दौरान घर में रखी एक पेटी में करीब 50 हजार रुपये नगद, एक जोड़ी चांदी की पायल (लगभग 40 ग्राम), एक जोड़ी बिछिया, दो सोने की फुली और दो चांदी की अंगूठी रखकर ताला लगा दिया गया था।
इसके बाद जनक राम सौरा ने घर के सदस्यों को नींबू देकर आंगन व अन्य जगहों पर गाड़ने के लिए भेज दिया। करीब दस मिनट बाद जब परिवार वाले वापस कमरे में पहुंचे तो दोनों पति-पत्नी यह कहकर चले गए कि रातभर दीपक जलता रहने देना और पेटी को नहीं खोलना।
सुबह जब पेटी की जांच की गई तो उसमें रखे नगद और सोने-चांदी के जेवर, जिसकी कुल कीमत करीब 60 हजार रुपये थी, गायब मिले। मामले में पुलिस ने जनक राम सौरा और उसकी पत्नी के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू की थी।
जांच के दौरान पता चला कि आरोपी जनक राम सौरा की मौत हो चुकी है, जबकि उसकी पत्नी झुनिया बाई सौरा उर्फ शांति बाई (55) जमीन-जायदाद बेचकर फरार हो गई थी।
14 मार्च 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि चकरभाठा क्षेत्र की कुछ महिलाएं ग्राम बनियाडीह में घूम रही हैं। सूचना पर पुलिस ने महिला आरक्षक के साथ महिलाओं को पकड़कर पूछताछ की। शुरुआत में आरोपी महिला गलत नाम-पता बताती रही, लेकिन कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपना नाम झुनिया बाई उर्फ शांति बाई, निवासी जाली (हाल मुकाम सौरा मोहल्ला, चकरभाठा) होना स्वीकार किया।
पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
