Vedant Samachar

कोमा में खिलाड़ी… T20 वर्ल्ड कप से बाहर होने पर बांग्लादेशी कोच का बड़ा खुलासा

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नई दिल्ली,21 फरवरी : बांग्लादेश की क्रिकेट टीम टी20 वर्ल्ड कप 2026 का हिस्सा नहीं है. भारत से बढ़ते राजनीतिक तनाव के चलते बांग्लादेश ने अपनी टीम को भारत ना भेजने का फैसला किया था. जिसके चलते आईसीसी ने बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट में शामिल कर लिया था. ये विवाद बांग्लादेश में थमने का नाम नहीं ले रहा है. बांग्लादेश क्रिकेट टीम के असिस्टेंट कोच मोहम्मद सलाहुद्दीन ने पूर्व खेल सलाहकार असिफ नजरुल पर गंभीर आरोप लगाए हैं और उन्हें ‘झूठा’ करार दिया है.

बांग्लादेशी कोच का बड़ा खुलासा
दरअसल, पूर्व खेल सलाहकार असिफ नजरुल ने टीम को भारत ना भेजने की वजह सुरक्षा कारण बताई थी. लेकिन पद छोड़ने से ठीक पहले उन्होंने कहा था कि ये फैसला बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) और खिलाड़ियों का था. जिसके बाद जमकर बवाल देखने को मिला और खिलाड़ी सवालों के खेरे में आ गए. लेकिन अब टीम के असिस्टेंट कोच मोहम्मद सलाहुद्दीन ने इस मुद्दे पर खुलकर बात की है. सलाहुद्दीन ने पत्रकारों से कहा, ‘असिफ नजरुल ने सरासर झूठ बोला. मैं भी एक शिक्षक हूं और शिक्षक आम तौर पर कम झूठ बोलते हैं. वह इस तरह खुलेआम झूठ बोलेंगे, मैं सचमुच इसकी कल्पना भी नहीं कर सकता. मैं खिलाड़ियों को अपना चेहरा कैसे दिखाऊंगा. उन्होंने तो एकदम यू-टर्न ले लिया. हम इसे स्वीकार नहीं कर सकते. उन्होंने पहले कुछ कहा और बाद में अपने बयान से पलट गए.’

खिलाड़ियों को लगा सदमा
सलाउद्दीन ने कहा कि खिलाड़ी टी20 वर्ल्ड कप से बाहर होने के बारे में जानकर निराश हो गए थे. सलाहुद्दीन ने कहा, ‘देखिए, जब कोई लड़का वर्ल्ड कप में खेलने जाता है, तो वह अपना 27 साल पुराना सपना लेकर जाता है. आप उस सपने को एक सेकंड में खत्म कर देते हैं. ठीक है, अगर यह राष्ट्रीय कारणों से लिया गया देश का फैसला है, तो वह देश के लिए बलिदान देंगे. लेकिन अगर आप नुकसान के बारे में बात करते हैं, तो मैं सिर्फ व्यक्तिगत नुकसान के बारे में बात करूंगा. व्यक्तिगत रूप से, आपने एक लड़के के सपने को पूरी तरह से खत्म कर दिया.

मोहम्मद सलाहुद्दीन ने आगे कहा, ‘मुझे पता है कि मेरे दो खिलाड़ी पांच दिनों के लिए मानसिक रूप से कोमा में चले गए, पूरी तरह से खो गए थे. देश के लिए मैं भी बहुत कुछ त्यागने को तैयार हूं और लड़के भी तैयार हैं. लेकिन क्या मैंने किसी लड़के के सिर पर हाथ रखकर कहा, ‘बेटा, तुम इस वजह से नहीं खेल सके?’ अगर चीजें ठीक से बताई गई होतीं, तो मुझे लगता है कि कई चीजें मानी जा सकती थीं.’

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