Vedant Samachar

‘केवाईसी – सुरक्षित बैंकिंग की ओर पहला कदम’ : वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026 का छत्तीसगढ़ में राज्य स्तरीय शुभारंभ

Vedant samachar
3 Min Read

रायपुर 9 फरवरी 2026। भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा देशभर में वित्तीय साक्षरता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से वर्ष 2016 से प्रतिवर्ष आयोजित किए जा रहे वित्तीय साक्षरता सप्ताह (Financial Literacy Week – FLW) के अंतर्गत वर्ष 2026 के ग्यारहवें संस्करण का शुभारंभ किया गया। इस वर्ष एफएलडब्ल्यू 2026 का आयोजन 9 से 13 फरवरी 2026 तक किया जा रहा है।

एफएलडब्ल्यू 2026 का राष्ट्रीय स्तर पर शुभारंभ संजय मल्होत्रा, गवर्नर, भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा मुंबई में किया गया। इस वर्ष वित्तीय साक्षरता सप्ताह की थीम “केवाईसी – सुरक्षित बैंकिंग की ओर पहला कदम” रखी गई है, जिसका उद्देश्य ग्राहकों को सुरक्षित, पारदर्शी और भरोसेमंद बैंकिंग प्रणाली के प्रति जागरूक करना है।

छत्तीसगढ़ राज्य के लिए वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026 का राज्य स्तरीय उद्घाटन आज रायपुर में आयोजित किया गया।कार्यक्रम के दौरान केवाईसी की मूल अवधारणा, केंद्रीय केवाईसी रजिस्ट्री, तथा खाता स्वच्छता एवं वित्तीय अनुशासन जैसे महत्वपूर्ण उप-विषयों पर आधारित चार जागरूकता पोस्टर जारी किए गए। इन पोस्टरों के माध्यम से नागरिकों को यह संदेश दिया गया कि अद्यतन केवाईसी न केवल वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करती है, बल्कि धोखाधड़ी की रोकथाम में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

वित्तीय साक्षरता सप्ताह 2026 के तहत भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा विषय-आधारित मल्टीमीडिया जागरूकता अभियान भी संचालित किया जाएगा। साथ ही, बैंकों को अपने ग्राहकों के बीच केवाईसी, सुरक्षित बैंकिंग और वित्तीय अनुशासन से संबंधित जानकारी का व्यापक प्रसार करने हेतु निर्देशित किया गया है।

उल्लेखनीय है कि आरबीआई का रायपुर क्षेत्रीय कार्यालय पूरे राज्य में वरिष्ठ नागरिकों, स्वयं सहायता समूहों, ग्राम स्तरीय उद्यमियों, व्यावसायिक संवाददाताओं, पुलिस अधिकारियों, कॉलेज छात्रों एवं अन्य हितधारकों के साथ विशेष वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम आयोजित करेगा, ताकि समाज के प्रत्येक वर्ग तक सुरक्षित बैंकिंग और वित्तीय जागरूकता का संदेश प्रभावी रूप से पहुंच सके।

इस अवसर पर श्रीमती रीनी अजित, क्षेत्रीय निदेशक, भारतीय रिज़र्व बैंक, छत्तीसगढ़; ध्रुव गुप्ता (आईपीएस), पुलिस महानिरीक्षक सहित आरबीआई, नाबार्ड, भारत सरकार के एमएसएमई मंत्रालय, छत्तीसगढ़ शासन के संस्थागत वित्त संचालनालय के वरिष्ठ अधिकारी, विभिन्न बैंकों के नियंत्रक तथा राज्य एवं केंद्र सरकार के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

Share This Article