गरियाबंद ,04 फरवरी(वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में एक ऐसी वारदात हुई है, जो सुनकर किसी के भी रोंगटे खड़े हो जाएं। यहां दो महिलाओं ने अपनी ही सहेली के साथ इतनी बर्बरता की कि इंसानियत शर्मसार हो जाए। मृतका की पहचान सुमित्रा नेताम (37 वर्ष) के रूप में हुई है। वह ग्राम गरीबा (मैनपुर ब्लॉक, शोभा थाना क्षेत्र) की रहने वाली थीं।
आरोपी दोनों महिलाएं हैं—सुगतिन नेताम (36 वर्ष) और ईतवारिन बाई (46 वर्ष)। ये तीनों पहले अच्छी सहेलियां थीं, एक-दूसरे के घर आना-जाना था, लेकिन धीरे-धीरे रिश्ता जहर बन गया। कारण? चरित्र पर आरोप और बदनामी की रंजिश। सुमित्रा ने गांव में दोनों आरोपियों के चरित्र को लेकर बातें फैलाई थीं, जिससे उनकी सामाजिक इज्जत को ठेस पहुंची। यह पुरानी कटुता इतनी बढ़ गई कि दोनों महिलाओं ने ठान लिया—सुमित्रा को सबक सिखाना है, और वो भी ऐसा कि वो कभी मुंह न खोल सके।
जानकारी के मुताबिक घटना 2 फरवरी 2026 (मंगलवार) दोपहर के आसपास हुई। दोनों आरोपी सुमित्रा के घर पहुंचीं। आरोप है कि उन्होंने पहले सुमित्रा के प्राइवेट पार्ट में लाल मिर्च (और कुछ रिपोर्टों में अन्य ज्वलनशील पदार्थ) डालकर उसे बुरी तरह तड़पाया। इसके बाद सीने पर चढ़कर डंडों से पीटा, लात-घूंसे मारे, इतना कि उसकी मौत हो गई। यह क्रूरता इतनी भयानक थी कि पूरा इलाका सदमे में है। वारदात के बाद दोनों फरार होने की कोशिश में थीं, लेकिन पुलिस ने देर रात उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इलाका नक्सल प्रभावित होने के कारण पुलिस ने तुरंत मौका-ए-वारदात पर पहुंचकर जांच की। शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया और परिजनों को सौंप दिया गया।
शोभा थाना प्रभारी नकुल सिदार ने बताया कि हत्या का मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है। प्राइवेट पार्ट में मिर्च डालने की बात की पुष्टि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही आधिकारिक रूप से होगी, लेकिन कई स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स में यह डिटेल सामने आई है।
यह मामला सिर्फ हत्या नहीं, बल्कि इंसानी क्रूरता की एक मिसाल है—जहां छोटी-सी रंजिश ने तीन जिंदगियों को तबाह कर दिया। समाज में ऐसी घटनाएं चेतावनी देती हैं कि छोटी-छोटी बातें कितनी खतरनाक साबित हो सकती हैं।



