Vedant Samachar

शांति भी, न्याय भी; मिस्टर एंड मिसेज परशुराम में डबल किरदार को लेकर नील भट्ट ने की खुलकर बात!

Vedant Samachar
4 Min Read

मुंबई। स्टार प्लस, जो भारत के प्रमुख GECs चैनलों में से एक है, हमेशा से ऐसी दमदार कहानियां और यादगार किरदार पेश करता आया है, जो दर्शकों से सीधा जुड़ जाते हैं। इसी विरासत को आगे बढ़ाते हुए चैनल अब अपना बिल्कुल नया शो मिस्टर एंड मिसेज परशुराम लॉन्च करने जा रहा है, जिसमें नील भट्ट और शांभवी सिंह लीड रोल्स में नज़र आएंगे। यह शो फैमिली इमोशंस, सस्पेंस और हाई-ऑक्टेन एक्शन का एक दमदार मेल पेश करने का वादा करता है।

नया रिलीज़ हुआ प्रोमो शिवप्रसाद की दिखने में साधारण फैमिली लाइफ की झलक देता है, जहां वह एक आम इंसान शिवप्रसाद और एक जासूस परशुराम की डबल ज़िंदगी जीता है। एक रेस्टोरेंट में फैमिली डिनर के दौरान कुछ नशे में धुत लोग शालिनी के साथ बदतमीज़ी करते हैं, जिससे शांत माहौल बिगड़ जाता है। परिवार के सामने शिवप्रसाद शांति से हालात संभाल लेता है, लेकिन बाद में अपनी पत्नी और बच्चों को सुरक्षित घर भेजकर वह अकेले वापस लौटता है। यहीं से उसकी छुपी हुई पहचान परशुराम के रूप में सामने आती है, जब वह हद पार करने वालों को तुरंत सज़ा देता है। यह प्रोमो बेहद दमदार तरीके से शिवप्रसाद की दोहरी ज़िंदगी को दिखाता है, घर में एक जिम्मेदार फैमिली मैन और बाहर अपने अपनों की हिफाज़त के लिए किसी भी हद तक जाने वाली निडर ताकत।

हाल ही में रिलीज़ हुए प्रोमो में शिवप्रसाद और परशुराम का किरदार निभाने को लेकर नील भट्ट ने कहा, “शिवप्रसाद एक बेहद शांत, परिवार को पहले रखने वाला इंसान है। इस किरदार के लिए मेरा हमेशा यही अप्रोच रहा है कि मैं उसमें पूरी तरह घुल-मिल जाऊं और एक आम आदमी की सोच को जियूं। हर सीन में मैं खुद से यही सवाल करता हूं कि ऐसी स्थिति में एक आम इंसान कैसे रिएक्ट करेगा, और उसी के हिसाब से मैंने शिवप्रसाद को अपनी तरफ से एक अलग एज देने की कोशिश की है।”

उन्होंने आगे कहा कि शिवप्रसाद का यह नॉर्मल पति वाला रूप बेहद ज़रूरी है, क्योंकि यही परशुराम के बिल्कुल उलट खड़ा होता है। “परशुराम का होना तभी मुमकिन है जब शिवप्रसाद है; वही उसकी ज़मीन है, उसका एंकर पॉइंट। उसकी पहली प्राथमिकता हमेशा अपने परिवार की हिफ़ाज़त करना है और यह सुनिश्चित करना है कि जिन खतरों से वह जूझता है, उनकी आंच कभी उसके घर तक न पहुंचे।”

प्रोमो में दिखाए गए रेस्टोरेंट वाले सीन का ज़िक्र करते हुए नील बताते हैं कि खतरा सामने होने के बावजूद शिवप्रसाद शांति बनाए रखता है और सबसे पहले अपने परिवार की सुरक्षा पर ध्यान देता है। उन्होंने कहा, “जब परिवार सुरक्षित जगह पर पहुंच जाता है, तब परशुराम सामने आता है और इंसाफ करता है। मुझे लगता है दर्शक शिवप्रसाद के संयम और परशुराम के निर्णायक एक्शन दोनों से जुड़ पाएंगे, और यही संतुलन इस किरदार को ताक़तवर बनाता है।”

मिस्टर एंड मिसेज परशुराम देखना न भूलें, 3 फरवरी से हर रात 8:30 बजे, सिर्फ़ स्टार प्लस पर।

Share This Article