रायपुर, 05 जनवरी (वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नए साल की शुरुआत के साथ ही भ्रष्टाचार का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। रायपुर जिले में पदस्थ एक पटवारी का रिश्वत मांगते और लेते हुए वीडियो सोशल मीडिया व मीडिया के माध्यम से सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। मामला जिले में बीते लगभग 15 वर्षों से पदस्थ पटवारी शिव कुमार साहू से जुड़ा हुआ है, जिस पर एक व्यापारी से काम के बदले रिश्वत मांगने का आरोप है।
जानकारी के अनुसार, पटवारी शिव कुमार साहू ने 5 जनवरी की सुबह करीब 10 बजे एक व्यापारी को फोन कर उसके लंबित काम के एवज में रिश्वत की मांग की। फोन पर हुई बातचीत में पटवारी ने कथित तौर पर कहा, “नए साल का पहला काम है… कुछ करवाओगे नहीं”, जिसे सीधे तौर पर रिश्वत की मांग के रूप में देखा जा रहा है। व्यापारी ने इस पूरी बातचीत को रिकॉर्ड कर लिया।
इतना ही नहीं, रिश्वत लेते समय का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें पटवारी शिव कुमार साहू को पैसे लेते हुए स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। यह ऑडियो और वीडियो रिकॉर्डिंग व्यापारी ने अपनी पहचान गोपनीय रखने की शर्त पर मीडिया को उपलब्ध कराई है।
बताया जा रहा है कि शिव कुमार साहू वर्तमान में सोनडोंगरी क्षेत्र में पदस्थ है और गोगांव हल्के का अतिरिक्त प्रभार भी उसके पास है। आरोप है कि वह न केवल अपने मूल हल्के बल्कि अतिरिक्त प्रभार वाले क्षेत्र के कामों के लिए भी खुलेआम रिश्वत की मांग करता रहा है।
मामले के तूल पकड़ने के बाद पटवारी शिव कुमार साहू ने सफाई देते हुए कहा कि वह पिछले 25 दिनों से पटवारी कार्यालय में नहीं बैठे हैं और उन्होंने किसी से कोई पैसा नहीं लिया है। हालांकि, वीडियो सामने आने के बाद उन्होंने कई मीडियाकर्मियों को फोन कर खबर प्रकाशित न करने का आग्रह भी किया। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि मांगी गई रिश्वत की रकम “बहुत छोटी” है।
इस पूरे मामले के सामने आने के बाद राजस्व विभाग और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। अब देखना यह होगा कि वायरल वीडियो और ऑडियो के आधार पर प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई करता है और क्या आरोपी पटवारी के खिलाफ जांच व सख्त कदम उठाए जाते हैं या नहीं।



