नई दिल्ली,28दिसंबर: साइबर ठगी का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक शख्स ने फेक स्टॉक और IPO में रुपये लगा दिए और अपने 16 लाख रुपये गंवा दिए. यह मामला गुजरात के कच्छ जिले का है. मीडिया रिपोर्ट्स में बताया है कि शख्स ने पुलिस कंप्लेंट दर्ज कराई है और बताया है कि कैसे उसको शिकार बनाया गया है. साबइर ठगी की शुरुआत WhatsApp से हुई. विक्टिम को बड़ी ही चालाकी के साथ एक WhatsApp Group में शामिल कर लिया गया है. ग्रुप में दिखाया गया है कि वे एक प्रोफेशनल इनवेस्टमेंट एडवाइजरी फोरम है. फिर विक्टिम के सामने कई फेक दावे किए गए, जहां विक्टिम को बताया गया का वह स्टॉक मार्केट और IPO आदि में इनवेस्टमेंट कराते हैं और मोटी हाई रिटर्न दिलवाते हैं.
जुलाई महीने में विक्टिम को एक लिंक रिसीव हुआ. जिसमें विक्टिम को एक ऑनलाइन फॉर्म सब्मिट करने को कहा. ऑनलाइन फॉर्म सब्मिट करने के बाद विक्टिम को एक एक ऐप इंस्टॉल करने को कहा गया. विक्टिम ने शुरुआत में 5 हजार रुपये की इनवेस्टमेंट की, जिसके बाद उनको 5,245 रुपये का रिटर्न मिला. इसके बाद उनको यकीन हो गया कि यह काम सही है और आगे भी पैसे लगाए जा सकते हैं. इसके बाद विक्टिम ने अलग-अलग बैंक खाते में रुपये लगा दिए. विक्टिम ने साइबर ठगों द्वारा बताए गए बैंक अकाउंट में टोटल 16 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए. इसके बाद जब विक्टिम को उनके वॉलेट में 18 लाख रुपये का लोन नजर आया तो वह हैरान हो गए. इसके बाद उन्होंने इनवेस्ट किए गए रुपये निकालने की कोशिश की.
जब वह रुपये नहीं निकाल पाए, फिर साइबर स्कैमर्स के नंबर पर कॉल किया, जिसके बाद विक्टिम से प्रोसेसिंग फीस के नाम पर एक्स्ट्रा 9 लाख रुपये की डिमांड कर दी. इसके बाद विक्टिम को साइबर ठगी का शक हुआ और उन्होंने कंप्लेंट दर्ज कराई. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. अगर आपको भी किसी ऐसे ही WhatsApp Group में शामिल किया जाता है और मोटी कमाई का लालच दिया जाता है तो सतर्क हो जाइये. ये साइबर ठगों की पुरानी चाल है, जिसके बहुत से लोग शिकार हो चुके हैं.



