Vedant Samachar

ईरान-इजराइल के बीच फिर शुरू होगा युद्ध? ‘काला सोना’ हो रहा है महंगा…

Vedant Samachar
3 Min Read

ईरान और इजराइल के बीच सीजफायर हो गया है. 12 दिनों तक चली जंग अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता के बाद रुक गई. हालांकि, इसको लेकर ईरान को अभी भरोसा नहीं है. उसे फिर से जंग होने का खतरा है. ईरान ने कहा है कि उसे संदेह है कि इजरायल के साथ युद्ध विराम कायम रहेगा. वहीं, दूसरी ओर से किसी भी नए आक्रमण का जवाब देने के लिए तैयार है. मिडिल ईस्ट के देशों के बीच फिर से युद्ध शुरू होने की सुगबुगाहट का असर क्रूड ऑयल यानी काला सोने पर देखने को मिल रहा है. क्रूड ऑयल के दामों में फिर से तेजी देखने को मिल रही है. तेल के दाम करीब 0.36 फीसदी के साथ कारोबार कर रहे हैं.

ईरान की सेमी-गवर्नमेंट न्यूज एजेंसी फार्स ने सशस्त्र बलों के चीफ अब्दुल रहीम मौसवी के हवाले से कहा कि हमें दुश्मन के युद्ध विराम और अपने वादों पर टिके रहने की नीयत पर बड़ा शक है. मौसवी ने कहा कि अगर फिर से हमला हुआ तो हम मजबूती से जवाब देने को तैयार हैं.

ब्लूमबर्ग के मुताबिक, मौसवी ने सऊदी के रक्षा मंत्री खालिद बिन सलमान से रविवार को फोन पर बात की, जिसमें मंगलवार को शुरू हुए युद्ध विराम की बात हुई. ईरान और इज़राइल ने 24 जून को युद्ध विराम की पुष्टि की थी, जिसने करीब दो हफ्ते से चल रही सैन्य कार्रवाइयों को खत्म किया. ये ऐलान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ट्रुथ सोशल पर युद्ध विराम की घोषणा के कुछ घंटों बाद हुआ. ईरान-इज़राइल तनाव 13 जून को इजराइली हमले से शुरू हुआ, जिसमें कई बड़े ईरानी सैन्य अधिकारी और वैज्ञानिक मारे गए. मौसवी के पहले चीफ मोहम्मद बाघेरी भी इजराइली हमलों में मारे गए थे.

तेल के दाम बढ़ेंगे?
अगर ईरान और इजराइल के बीच जंग तेज होती है और ईरान होर्मुज को बंद करने का फैसला करता है, तो इसका असर पूरी दुनिया के तेल के दामों पर देखने को मिलता है. ग्लोबल टेंशन से ब्रेंट क्रूड ऑयल के दामों में इजाफा देखने को मिल सकता है.

Share This Article