देश के सबसे बड़े कारोबारी घराने टाटा ग्रुप का सबसे बड़ा आईपीओ टाटा कैपिटल का आईपीओ दरवाजे पर खड़ा है. कुछ दिन पहले टाटा ग्रुप ने सेबी को अपने डॉक्युमेंट्स दाखिल किए थे. जिसमें आईपीओ की डेट सामने आई थी. साथ ही और भी अहम जानकारियां दी गई थीं. अब इस आईपीओ के इश्यू प्राइस को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है. खास बात तो ये है कि इस कंपनी के एक शेयर की कीमत 350 रुपए भी नहीं आंकी गई है.
ऐसे में आप अंदाजा लगा सकते हैं कि इस शेयर को लेकर रिटेल निवेशकों के बीच कितना बड़ा उत्साह रहने वाला है. वहीं दूसरी ओर इश्यू के लॉट साइज और लिस्टिंग की टेंटेटिव डेट भी सामने आई है. इसका मतलब है कि दिवाली से पहले देश के निवेशकों की शेयर बाजार से मोटी कमाई हो सकती है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर टाटा कैपिटल के आईपीओ लेकर किस तरह की जानकारी सामने आई है.
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टाटा कैपिटल आईपीओ का इश्यू प्राइस
टाटा कैपिटल के आईपीओ का प्राइस बैंड 10 रुपए के फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर के लिए 310 से 326 रुपए तय गया है. टाटा कैपिटल आईपीओ की सोमवार, 6 अक्टूबर को ओपन होगा. बुधवार, 8 अक्टूबर को बंद हो जाएगा. टाटा कैपिटल आईपीओ के लिए एंकर निवेशकों को आवंटन शुक्रवार, 3 अक्टूबर को होगा. टाटा कैपिटल आईपीओ का लॉट साइज 46 इक्विटी शेयरों का है और उसके बाद 46 इक्विटी शेयरों के मल्टीपल में उपलब्ध होगा.
टाटा कैपिटल आईपीओ ने सार्वजनिक निर्गम में 50% से अधिक शेयर योग्य संस्थागत खरीदारों (क्यूआईबी) के लिए, 15% से कम गैर-संस्थागत संस्थागत निवेशकों (एनआईआई) के लिए और 35% से कम शेयर खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित नहीं किए हैं. कर्मचारी वर्ग के लिए 1,200,000 इक्विटी शेयरों तक आरक्षित किए गए हैं.
टाटा कैपिटल के आईपीओ के शेयरों के आवंटन का आधार गुरुवार, 9 अक्टूबर को तय किया जाएगा और कंपनी शुक्रवार, 10 अक्टूबर को रिफंड शुरू करेगी, जबकि रिफंड के बाद उसी दिन शेयर आवंटियों के डीमैट खाते में जमा कर दिए जाएंगे. टाटा कैपिटल के शेयर सोमवार, 13 अक्टूबर को बीएसई और एनएसई पर सूचीबद्ध होने की संभावना है.
टाटा कैपिटल आईपीओ की अहम जानकारी
प्रस्तावित आईपीओ में 47.58 करोड़ शेयर शामिल हैं, जिसमें 21 करोड़ इक्विटी शेयरों का नया इश्यू और 26.58 करोड़ शेयरों का ओएफएस शामिल है. बीते दो साल में ग्रुप का ये दूसरा बड़ा आईपीओ है.
ये टाटा ग्रुप का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ होने जा रहा है. जिसका कुल साज 16,400 करोड़ रुपए बताया जा रहा है. पिछली बार टाटा इंवेस्टमेंट का आईपीओ मार्केट में आया था.
ओएफएस के तहत, टाटा संस 23 करोड़ शेयर बेचेगी, जबकि अंतर्राष्ट्रीय वित्त निगम (आईएफसी) 3.58 करोड़ शेयर बेचेगा. वर्तमान में, टाटा कैपिटल में टाटा संस की 88.6 फीसदी हिस्सेदारी है, और आईएफसी के पास 1.8 फीसदी हिस्सेदारी है.
आईपीओ से जुटाई गई धनराशि का उपयोग कंपनी की टियर-1 पूंजी बढ़ाने के लिए किया जाएगा, जो लोन गतिविधियों सहित भविष्य की कैपेक्स आवश्यकताओं को पूरा करेगी.
टाटा कैपिटल आईपीओ भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की उस आवश्यकता के अनुसार किया जा रहा है जिसके तहत उच्च-स्तरीय गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) को उनके वर्गीकरण के तीन वर्षों के भीतर सूचीबद्ध होना आवश्यक है. सितंबर 2022 में टाटा कैपिटल को एक उच्च-स्तरीय एनबीएफसी के रूप में वर्गीकृत किया गया था.
टाटा कैपिटल के आईपीओ को प्रमुख मैनेजर्स में एक्सिस कैपिटल, कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी, बीएनपी पारिबा, एचडीएफसी बैंक, एचएसबीसी सिक्योरिटीज एंड कैपिटल मार्केट्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड, सिटीग्रुप ग्लोबल मार्केट्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज, आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज, एसबीआई कैपिटल मार्केट्स और जे पी मॉर्गन इंडिया शामिल हैं.
किस तरह से काम करती है टाटा कैपिटल
नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनी, टाटा कैपिटल ने 31 मार्च तक 70 लाख से ज्यादा ग्राहकों को सर्विस दी है. 25 से ज़्यादा लोन ऑप्शंस के साथ, कंपनी विभिन्न ग्राहकों की जरूरतों को पूरा करती है, जिनमें नौकरीपेशा व्यक्ति, सेल्फ इंप्लॉयड वर्कर्स, उद्यमी, लघु उद्यम, एसएमई और बड़ी कंपनियां शामिल हैं.
लोन देने के अलावा, टाटा कैपिटल इंश्योरेंस और क्रेडिट कार्ड जैसे थर्ड-पार्टी उत्पाद भी वितरित करती है, फंड मैनेज्मेंट सर्विस प्राेवाइड कराती है, और निजी इक्विटी फंडों के लिए प्रायोजक और निवेश प्रबंधक के रूप में कार्य करती है.
रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (आरएचपी) के अनुसार, कंपनी के सूचीबद्ध प्रतिस्पर्धी बजाज फाइनेंस लिमिटेड (37.8 के पी/ई के साथ), श्रीराम फाइनेंस लिमिटेड (300.3 के पी/ई के साथ), चोलामंडलम इन्वेस्टमेंट एंड फाइनेंस कंपनी लिमिटेड (31.5 के पी/ई के साथ), एलएंडटी फाइनेंस लिमिटेड (23.1 के पी/ई के साथ), सुंदरम फाइनेंस लिमिटेड (26.9 के पी/ई के साथ), और एचडीबी फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड (28.1 के पी/ई के साथ) हैं.
वित्त वर्ष 2024-25 में, टाटा कैपिटल ने 3,655 करोड़ रुपए के पीएटी की घोषणा की, जो वित्त वर्ष 24 के 3,327 करोड़ रुपए से अधिक है. इसके अतिरिक्त, वित्त वर्ष 25 में इसका रेवेन्यू उल्लेखनीय रूप से बढ़कर 28,313 करोड़ रुपए हो गया, जबकि पिछले वर्ष यह 18,175 करोड़ रुपए था.



