बिलासपुर, 25 मार्च (वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ में पहली बार ऐसा मामला सामने आया है, जहां एक 14 साल की बच्ची के प्राइवेट पार्ट का ऑपरेशन किया गया। बच्ची को मासिक धर्म नहीं आ रहे थे, जिसकी वजह से पेट में सूजन की समस्या बनी रहती थी।
चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में एक 14 साल की बच्ची के प्राइवेट पार्ट में ऑपरेशन कर छेद बनाया गया। 17 मार्च को इस बच्ची को एडमिट किया गया था। उसके परिजनों ने बताया कि उसे मासिक धर्म नहीं आ रहा था और पेट में दर्द और सूजन की समस्या बनी रहती थी।
ग्यानेकोलॉजिस्ट डॉ. अंजना चौधरी ने अपनी टीम के साथ मिलकर उसकी जांच की तो पता चला कि जन्म से ही बच्ची के योनि का परत खुली ही नहीं है, जहां से मासिक धर्म आता है। इसके बाद बच्ची का इलाज किया गया।
डॉ. कुलदीप सिंह सांगा ने बताया कि पहली बार अस्पताल में ऐसा केस आया था, जिसका इलाज सफलतापूर्वक किया गया। डॉ. चौधरी ने बताया कि जांच में अल्ट्रासाउंड और अन्य आवश्यक परीक्षण किया गया। प्रारंभिक रिपोर्ट से जन्मजात इपरफ़ोरेट हाइमन का संदेह मिला, जिसके कारण मासिक धर्म का प्राकृतिक मार्ग अवरुद्ध हो रहा था।
इसका हाइमन में एक ऑपरेशन कर योनि में छोटा छेद बनाकर परत को खोला गया। यह ऑपरेशन सफलतापूर्वक हुआ और अब बच्ची पूरी तरह से ठीक है।