Vedant Samachar

सिटी कोतवाली के आरक्षक पर अवैध वसूली और मारपीट का आरोप, आईजी से शिकायत

Vedant samachar
3 Min Read

रायगढ़,22 जनवरी (वेदांत समाचार)। सिटी कोतवाली रायगढ़ में पदस्थ एक पुलिसकर्मी पर गंभीर आरोप लगाते हुए एक टपरी होटल संचालक ने पुलिस महानिरीक्षक, बिलासपुर रेंज को लिखित शिकायत दी है। शिकायतकर्ता ने पुलिसकर्मी पर धमकी, मारपीट और अवैध वसूली का आरोप लगाया है।

कोतरा रोड निवासी दीपक तिवारी ने शिकायत में बताया कि वह रायगढ़ शहर में एक छोटा सा टपरी होटल संचालित करता है और सीमित आय में अपने परिवार का पालन-पोषण करता है। शिकायत के अनुसार, एक फेरीवाले द्वारा राजश्री गुटखा के लगभग 100 पैकेट दिए जाने के बाद उसे और दो अन्य लोगों को सिटी कोतवाली रायगढ़ बुलाया गया। वहां पदस्थ पुलिसकर्मी लोमस राजपूत ने कथित तौर पर कहा कि वह मामले से बचा सकता है, लेकिन इसके बदले 1 लाख 15 हजार रुपये की मांग की गई, अन्यथा जेल भेजने की धमकी दी गई।

शिकायतकर्ता का आरोप है कि इसके बाद लगातार डराया-धमकाया गया, शारीरिक मारपीट की गई और मानसिक दबाव बनाया गया। अत्यंत कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण वह इतनी बड़ी राशि की व्यवस्था नहीं कर सका, लेकिन भय और दबाव में आकर उसे 20 हजार रुपये नकद देने पड़े। आरोप है कि इसके बावजूद अब उससे और 15 हजार रुपये की मांग की जा रही है तथा पैसे नहीं देने पर झूठे केस में फंसाकर जेल भेजने की धमकी दी जा रही है।

दीपक तिवारी ने शिकायत में कहा कि वह कोई आदतन अपराधी नहीं है और इस प्रकार की कथित पुलिसिया प्रताड़ना से वह और उसका परिवार भयभीत है। उसने इस पूरे मामले को अवैध वसूली, धमकी, मारपीट और पद के दुरुपयोग की श्रेणी में बताया है, जिससे पुलिस विभाग की छवि को नुकसान पहुंच रहा है।

शिकायत में मांग की गई है कि सिटी कोतवाली रायगढ़ में पदस्थ संबंधित पुलिसकर्मी के विरुद्ध निष्पक्ष एवं स्वतंत्र जांच कराई जाए, अवैध रूप से ली गई राशि की रिकवरी कराई जाए, शिकायतकर्ता और उसके परिवार को किसी भी प्रकार की प्रताड़ना या प्रतिशोधात्मक कार्रवाई से सुरक्षा दी जाए तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित पुलिसकर्मी के विरुद्ध कठोर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जाए।

शिकायतकर्ता ने यह भी उल्लेख किया है कि आवश्यक होने पर वह साक्ष्य और बयान देने के लिए उपस्थित होने को तैयार है। शिकायत की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक एसीबी बिलासपुर, पुलिस महानिरीक्षक एसीबी रायपुर, पुलिस महानिदेशक छत्तीसगढ़, पुलिस अधीक्षक रायगढ़ एवं राज्य मानवाधिकार आयोग छत्तीसगढ़ को भी भेजी गई है। शिकायत के साथ ऑडियो रिकॉर्डिंग पेन ड्राइव में संलग्न होने का भी उल्लेख किया गया है।

Share This Article