Vedant Samachar

कोरबा की हरित क्रांति : इलेक्ट्रिक वाहनों से स्वच्छ भविष्य की ओर सशक्त कदम…

Vedant Samachar
4 Min Read

कोरबा,21 जनवरी (वेदांत समाचार) । छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छ ऊर्जा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से संचालित छत्तीसगढ़ राज्य इलेक्ट्रिक वाहन योजना ने कोरबा जिले में उल्लेखनीय सफलता दर्ज की है। जिले में लगभग 4 लाख पेट्रोल और डीजल वाहनों के पंजीकृत होने के कारण बढ़ते प्रदूषण को नियंत्रण में लाने की चुनौती को ध्यान में रखते हुए इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ावा देने की दिशा में यह योजना अत्यंत प्रभावी सिद्ध हो रही है।

योजना के तहत इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर वाहन मूल्य का 10 प्रतिशत या अधिकतम एक लाख रुपये तक की सब्सिडी सीधे वाहन स्वामी के खाते में हस्तांतरित की जा रही है। जिला परिवहन कार्यालय कोरबा द्वारा डीलर पॉइंट रजिस्ट्रेशन के दौरान संबंधित वाहन स्वामी के बैंक खाते का विवरण लेकर ई-व्ही पोर्टल में प्रविष्टि एवं दस्तावेजों के सत्यापन उपरांत सब्सिडी राशि का पारदर्शी तरीके से अंतरण किया जाता है।

1 जनवरी 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक जिले के 1774 वाहन स्वामियों को कुल 03 करोड़ 27 लाख 3 हजार 865 रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जा चुकी है। बढ़ती मांग और नागरिकों की उत्साहजनक प्रतिक्रिया को देखते हुए राज्य सरकार द्वारा इस वर्ष 2.50 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बजट भी स्वीकृत किया गया है।

इलेक्ट्रिक वाहनों की लोकप्रियता का प्रमाण उनके पंजीकरण आंकड़े हैं। वर्ष 2024 की तुलना में वर्ष 2025 में इलेक्ट्रिक वाहनों के पंजीकरण में लगभग 20 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। वर्ष 2024 में कुल 1244 इलेक्ट्रिक वाहन पंजीकृत हुए थे, जबकि वर्ष 2025 में यह संख्या बढ़कर 1488 हो गई। वाहन श्रेणीवार पंजीकरण इस प्रकार बढ़ा-मोटर साइकिल 825 से बढ़कर 938 हुईं, मोपेड 44 से बढ़कर 0, मोटरकारें 49 से बढ़कर 74, ई-रिक्शा (गुड्स) 9 से 12, ई-रिक्शा (पैसेंजर) 23 से 14, तीन पहिया (गुड्स) 51 से 40 और तीन पहिया (पैसेंजर) 206 से बढ़कर 392 हो गईं। मालवाहक श्रेणी में 2 से बढ़कर 17 का पंजीयन हुआ, जबकि वर्ष 2025 में मोटर कैब का पंजीयन नहीं हुआ।

यह आंकड़े दर्शाते हैं कि जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर लोगों का रुझान तेजी से बढ़ रहा है और पर्यावरण के प्रति जागरूकता में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है। योजना को और प्रभावी तथा व्यापक बनाने के लिए राज्य सरकार द्वारा विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर चार्जिंग प्वाइंट स्थापित करने की कार्ययोजना तैयार की जा रही है। इन चार्जिंग स्टेशनों की स्थापना से जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग और सुविधाजनक होगा, पेट्रोल व डीजल पर निर्भरता कम होगी और वायु प्रदूषण में भी महत्वपूर्ण कमी आएगी।

इलेक्ट्रिक वाहन योजना ने कोरबा जिले में स्वच्छ ऊर्जा आधारित परिवहन को नई दिशा दी है। यह योजना न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सार्थक कदम है, बल्कि कोरबा को एक स्वच्छ, हरित और आधुनिक शहर के रूप में विकसित करने में अहम भूमिका निभा रही है।

Share This Article