नवंबर के महीने में रुपए में तुलनात्मक रूप से अच्छा प्रदर्शन कर रही है. खास बात तो ये है कि रुपया तीन हफ्तों के हाई पर पहुंच गया है. वहीं मौजूदा महीने में रुपए में 25 बेसिस प्वाइंट की तेजी देखने को मिल रही है. जबकि मौजूदा साल में रुपया डॉलर के मुकाबले में 3.50 फीसदी से ज्यादा की गिरावट देखी जा चुकी है. अगर बात बुधवार की करें तो रुपए में तेजी का प्रमुख कारण कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट है. वहीं दूरी ओर विदेशी निवेशकों की ओर से हाल में शेयर बाजार में निवेश भी किया है.
रुपए में तेजी इसलिए भी अहम है क्योंकि डॉलर इंडेक्स में इजाफा देखने को मिल रहा है. आने वाले दिनों में डॉलर इंडेक्स में और भी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है. जानकारों की मानें तो फेड रिजर्व आने वाले दिनों में ब्याज दरों में पॉज बटन दबा सकता है. जिसकी वजह से डॉलर इंडेक्स में तेजी और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट देखने को मिल सकती है. जिसका फायदा रुपए में इजाफा देखने को मिल सकता है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर रुपया डॉलर के मुकाबले में किस लेवल पर कारोबार कर रहा है.
रुपए में आई तेजी
बुधवार को शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 9 पैसे बढ़कर 88.51 पर पहुंच गया. कच्चे तेल की कम कीमतों के कारण यह संभव हुआ, जबकि दुनिया भर के शेयर बाजारों में उतार-चढ़ाव ने निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया. फॉरेन करेंसी ट्रेडर्स ने कहा कि मजबूत अमेरिकी करेंसी के साथ-साथ घरेलू शेयर बाजारों से विदेशी पूंजी की निकासी के कारण भी रुपए पर दबाव रहा. साथ ही, निवेशक प्रस्तावित भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की प्रगति और इस सप्ताह के अंत में जारी होने वाले घरेलू पीएमआई आंकड़ों को लेकर चिंतित थे. इंटरबैंक फॉरेन करेंसी एक्सचेंज मार्केट में रुपया 88.57 पर खुला और शुरुआती कारोबार में डॉलर के मुकाबले 88.51 पर पहुंच गया, जो पिछले बंद स्तर से 9 पैसे अधिक था. मंगलवार को, रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 1 पैसे की गिरावट के साथ 88.60 पर बंद हुआ था.
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
इस बीच, छह मुद्राओं के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापने वाला डॉलर सूचकांक 0.04 प्रतिशत बढ़कर 99.49 पर कारोबार कर रहा था.
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड वायदा कारोबार में 0.34 प्रतिशत गिरकर 64.67 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया.
घरेलू शेयर बाजार में, शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 46.27 अंक या 0.05 प्रतिशत गिरकर 84,626.75 पर आ गया, जबकि निफ्टी 8.35 अंक या 0.03 प्रतिशत गिरकर 25,901.70 पर आ गया.
एक्सचेंज के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने मंगलवार को शेयर बाजार से 28.82 करोड़ रुपए के शेयर बेचे.
जल्द हो सकता है समझौता
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने मंगलवार को कहा कि भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते पर “आप एक अच्छी खबर सुनेंगे” जब यह समझौता निष्पक्ष, समतापूर्ण और संतुलित होगा. यह टिप्पणी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा यह कहने के कुछ दिनों बाद आई है कि अमेरिका भारत के साथ “निष्पक्ष व्यापार समझौते” पर पहुँचने के “काफी करीब” है, और उन्होंने यह भी कहा कि वह “किसी समय” भारतीय वस्तुओं पर लगाए गए शुल्कों को कम करेंगे.



