नई दिल्ली,26अक्टूबर : सिडनी क्रिकेट ग्राउंड (SCG) पर खेले गए तीसरे वनडे मुकाबले में टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया को 9 से हरा दिया. हालांकि भारत ये सीरीज जीत नहीं पाया, लेकिन आखिरी मैच में रोहित शर्मा, विराट कोहली और हर्षित राणा ने शानदार प्रदर्शन किया. पहले और दूसरे मुकाबले में हर्षित राणा ने अपनी गेंदबाजी से टीम को काफी निराश किया था. इसके बाद उन पर काफी दबाव था. इसका खुलासा उनके कोच ने किया है. टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने उनको कड़ा मैसेज दिया था कि परफॉर्म कर, वरना बाहर बिठा दूंगा. गौतम का यही मैसेज हर्षित को काफी उत्साहित किया.
हर्षित ने किया शानदार प्रदर्शन
SCG पर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीसरे और आखिरी वनडे मैच में हर्षित राणा पर भारी दबाव था. उम्मीदों के ऊपर अर्शदीप सिंह की जगह उनके सेलेक्शन को लेकर चल रही बहस भी थी. पिछले मैचों में उनकी आलोचना हुई, लेकिन उन्होंने सार्वजनिक रूप से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी. उन्हें गौतम गंभीर का ‘आदमी’ कहकर ट्रोल किया गया, फिर भी वे चुप रहे. अपने सेलेक्शन को लेकर हर तरफ से सवाल उठने के बावजूद, हर्षित राणा ने बस अपने मौके का इंतजार किया और आखिरकार वह मौका आ ही गया, जब ऐतिहासिक SCG के मैदान पर उन्होंने चार विकेट हासिल किए. इस दौरान उन्होंने जश्न मनाया और चुपचाप अपनी टीम के साथ ड्रेसिंग रूम में चले गए. उनकी चुप्पी साफ कह रही थी कि संदेश अच्छी तरह से पहुंचा दिया गया है.
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सिडनी क्रिकेट ग्राउंड की पिच पर गति और उछाल पैदा करते हुए, राणा ने 8.4 ओवर में 39 रन देकर 4 विकेट हासिल किए. इससे भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 236 रनों पर समेट दिया. इस युवा तेज गेंदबाज की दौरे की शुरुआत पर्थ और एडिलेड में अच्छी नहीं रही और जब उन्हें सिडनी वनडे के लिए बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप की जगह चुना गया, तो वह एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया, लेकिन हेड कोच गौतम गंभीर की स्पष्ट और सख्त चेतावनी ने उन्हें आगे बढ़ाया. संदेश था, “परफॉर्म कर, वरना बाहर बिठा दूंगा”. अपने बचपन के कोच शरवन के साथ फोन पर बातचीत में हर्षित राणा ने स्वीकार किया कि उन पर बहुत दबाव था.
हर्षित के कोच ने क्या किया खुलासा?
शरवन ने खुलासा किया कि सिडनी में 23 साल के खिलाड़ी के लिए एक बड़ी परीक्षा थी. शरवन ने कहा कि राणा अच्छा प्रदर्शन करना चाहते थे और बाहरी शोर को रोकना चाहते थे, और ये गंभीर ही थे जिन्होंने उन्हें प्रेरित किया.
रिपोर्ट्स के मुताबिक शरवन ने बताया, “हर्षित राणा ने मुझे फोन किया और कहा कि वो अपने प्रदर्शन से बाहरी शोर को बंद करना चाहते हैं. मैंने बस इतना कहा, खुद पर भरोसा रखो. मुझे पता है कि कुछ क्रिकेटर कहते हैं कि वो गंभीर के करीब हैं, लेकिन गंभीर प्रतिभा को पहचानना जानते हैं और उनका समर्थन करते हैं. उन्होंने कई क्रिकेटरों का समर्थन किया है और उन्होंने अपनी टीम के लिए कमाल का प्रदर्शन किया है. उन्होंने हर्षित को बुरी तरह डांटा भी. उन्होंने सीधे तौर पर कहा कि परफॉर्म कर, वरना बाहर बिठा दूंगा. वो जो भी हो, उसे साफ संदेश देते हैं”.
के. श्रीकांत पर साधा निशाना
शरवन ने पूर्व भारतीय क्रिकेटर के. श्रीकांत पर पलटवार करने में कोई कसर नहीं छोड़ी. श्रीकांत ने आरोप लगाया था कि राणा को ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए वनडे टीम में इसलिए चुना गया क्योंकि वह गंभीर के ‘जी-हुजूर’ थे.
शरवन ने कहा कि पहले कृष्णमाचारी श्रीकांत ने इस बच्चे का मामला उठाया. रिटायरमेंट के बाद, क्रिकेटरों ने कमाई के लिए अपने यूट्यूब चैनल शुरू कर दिए हैं, लेकिन प्लीज किसी भी नए बच्चे की आलोचना न करें. उन्हें निर्देश देने, डांटने का अधिकार है, लेकिन प्लीज अपने यूट्यूब चैनल की लोकप्रियता के लिए कुछ न कहें. इस महीने भारत द्वारा वेस्टइंडीज को टेस्ट सीरीज़ में 2-0 से हराने के बाद, गंभीर ने श्रीकांत पर पलटवार किया और उनके कृत्य को ‘शर्मनाक’ बताया.



