छत्तीसगढ़,15अक्टूबर (वेदांत समाचार) : छत्तीसगढ़ पिछले दिनों भारत सरकार ने ‘तंबाकू मुक्त युवा अभियान 3.0 (Tobacco Free Youth Campaign – TFYC 3.0 का शुभारंभ किया। अभियान का उद्देश्य बच्चों और युवाओं को तंबाकू एवं नशे की लत से दूर रखना, स्वस्थ जीवन की ओर प्रेरित करना है। अभियान के तहत स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में ‘तंबाकू मुक्त शैक्षणिक संस्थान (TOFEI) बनाने पर विशेष बल दिया गया है।
’तंबाकू और नशा मुक्त अभियान चलाने निर्देश’
छत्तीसगढ़ शासन, स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा एवं लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने सभी जिलों में ‘तंबाकू और नशा मुक्त स्कूल-कॉलेज अभियान’ चलाने के निर्देश जारी किए हैं।
तबाकू के दुष्परिणाम से युवाओं को जागरूक करना
भारत में युवाओं में तंबाकू सेवन की बढ़ती प्रवृत्ति एक गंभीर सार्वजनिक स्वास्थ्य चिंता का विषय बनी हुई है। पारंपरिक तंबाकू उत्पाद जैसे बीड़ी, सिगरेट, गुटखा, पानमसाला के साथ-साथ ई-सिगरेट और निकोटीन पाउच जैसे नए स्वरूप युवाओं में तेजी से फैल रहे हैं। तंबाकू शरीर के लगभग सभी अंगों को प्रभावित करता है और सिर, गर्दन, ग्रासनली, फेफड़े एवं मुख कैंसर के अधिकांश मामलों का प्रमुख कारण है। वैश्विक युवा तंबाकू सर्वेक्षण 2019 के अनुसार, भारत में 13 से 15 वर्ष की आयु के 8.4 प्रतिशत स्कूली बच्चे तंबाकू उत्पादों का सेवन करते हैं, जो अत्यंत चिंताजनक स्थिति है।
शैक्षणिक संस्थानों के 100 मीटर के भीतर तंबाकू बिक्री पर प्रतिबंध
अभियान के अंतर्गत प्रत्येक जिले को यह सुनिश्चित करना है कि उनके अधिकार क्षेत्र के सभी शिक्षण संस्थान तंबाकू मुक्त शैक्षणिक संस्थान के मानकों को अपनाएं। इसके लिए स्कूलों और कॉलेजों में जागरूकता अभियान, छात्र परामर्श सत्र, एनएसएस/ एनसीसी स्वयंसेवकों के प्रशिक्षण तथा तंबाकू के दुष्प्रभावों पर प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। साथ ही, शैक्षणिक परिसरों के चारों ओर 100 गज की परिधि निर्धारित कर तंबाकू बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लागू किया जाएगा।
जागरूकता के लिए संचार के माध्यमों का उपयोग
राज्य शासन ने स्थानीय प्रशासन, कानून प्रवर्तन एजेंसियों, स्वास्थ्य विभाग और जनप्रतिनिधियों की भागीदारी से इस अभियान को व्यापक रूप देने का निर्णय लिया है। साथ ही शैक्षणिक चैनलों, रेडियो और टीवी माध्यमों पर भी युवाओं को तंबाकू सेवन के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने के लिए प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
युवा पीढ़ी को नशामुक्त कर उज्जवल भविष्य की दिशा देना लक्ष्य
अभियान का लक्ष्य है कि छत्तीसगढ़ के सभी स्कूल, कॉलेज और प्रशिक्षण संस्थान न केवल तंबाकू एवं नशा मुक्त बने, बल्कि एक सकारात्मक, सुरक्षित और स्वस्थ शैक्षणिक वातावरण स्थापित करें, जिससे राज्य की युवा पीढ़ी को नशे से मुक्त एक उज्जवल भविष्य की दिशा मिले।



