अफगानिस्तान, ऑस्ट्रेलिया या साउथ अफ्रीका- किन्हें मिलेगा सेमीफाइनल का टिकट? जानिए पूरा गणित

नई दिल्ली,27फरवरी 2025 : ग्रुप ए से तो पहले ही टीम इंडिया और न्यूजीलैंड ने सेमीफाइनल में जगह पक्की कर ली है लेकिन ग्रुप बी से अभी भी स्थिति साफ नहीं है. अफगानिस्तान की जीत के बाद स्थिति रोमांचक हो गई है और अब आखिरी 2 मुकाबलों से इसका फैसला हो पाएगा.

चैंपियंस ट्रॉफी 2025 की ग्रुप स्टेज धीरे-धीरे अपने अंजाम की ओर बढ़ रही है. टूर्नामेंट में 8 मैच हो चुके हैं और अभी तक सेमीफाइनल की तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं हुई है. ग्रुप ए से टीम इंडिया और न्यूजीलैंड तो सेमीफाइनल में पहुंच चुके हैं लेकिन ग्रुप बी अभी तक पूरी तरह खुला हुआ है. अफगानिस्तान की इंग्लैंड पर रोमांचक जीत के बाद इस ग्रुप से एक टीम तो बाहर हो गई लेकिन बाकी तीनों टीम के पास मौका बचा हुआ है. अफगानिस्तान की इस जीत ने सेमीफाइनल की रेस और समीकरण को रोमांचक बना दिया है.

ऐसी है ग्रुप बी की स्थिति


लाहौर में बुधवार 26 फरवरी को खेले गए मुकाबले में अफगानिस्तान ने बेहद करीबी मुकाबले में इंग्लैंड को 8 रन से हराया. इस नतीजे के चलते इंग्लैंड टूर्नामेंट से बाहर हो गई, जबकि अफगानिस्तान ने अपनी उम्मीदों को जिंदा रखा है. अब ग्रुप बी में साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के 3-3 पॉइंट्स हैं. नेट रनरेट के आधार पर साउथ अफ्रीका (2.140) पहले स्थान पर है, जबकि ऑस्ट्रेलिया (0.475) दूसरे स्थान पर है. वहीं 2 पॉइंट्स के साथ अफगानिस्तान (-0.990) तीसरे स्थान पर है.

अफगानिस्तान-ऑस्ट्रेलिया का मैच करेगा फैसला?


अब सवाल ये है कि सेमीफाइनल में जाने वाली टीमों का फैसला कब और कैसे होगा? इसके लिए अब इस ग्रुप के आखिरी दो मुकाबलों पर नजरें रहेंगी. सबसे पहले शुक्रवार 28 फरवरी को लाहौर में अफगानिस्तान की टक्कर ऑस्ट्रेलिया से होगी. जो भी टीम ये मैच जीतेगी, वो सेमीफाइनल में पहुंच जाएगी. मगर यहां पर ध्यान देने वाली बात ये है कि अफगानिस्तान को हर हाल में जीत की जरूरत है. अगर वो ये मैच हारी तो रेस से बाहर हो जाएगी क्योंकि ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के 3-3 पॉइंट्स हैं.

दूसरी ओर ऑस्ट्रेलिया अगर ये मैच हारती है तो वो फिर भी रेस में बनी रहेगी. फिर उसे अगले दिन साउथ अफ्रीका और इंग्लैंड के मैच पर निर्भर रहना होगा. हालांकि, यहां भी ऑस्ट्रेलिया की स्थिति अच्छी नहीं है क्योंकि साउथ अफ्रीका का नेट रनरेट उससे काफी बेहतर है. ऐसे में ऑस्ट्रेलिया यही उम्मीद करेगी कि सबसे पहले तो वो जीत दर्ज करे और अगर ऐसा नहीं होता है तो इंग्लैंड कुछ चमत्कार करते हुए साउथ अफ्रीका को बहुत बड़े अंतर से हरा दे. मौजूदा फॉर्म के हिसाब से ये होता हुआ नहीं दिख रहा है.

साउथ अफ्रीका की स्थिति सबसे मजबूत


जहां तक साउथ अफ्रीका की बात है तो उसे अफगानिस्तान-ऑस्ट्रेलिया मैच का नतीजा भी उसे सेमीफाइनल में पहुंचा सकता है. अगर ऑस्ट्रेलिया जीतती है तो साउथ अफ्रीका भी अंतिम -4 में पहुंच जाएगी. फिर भी अगर ऐसा नहीं होता है तो उसे सिर्फ अपना मैच जीतना है. अगर ऑस्ट्रेलिया की हार के बाद साउथ अफ्रीका भी जीतने में नाकाम होती है तो टेंबा बावुमा की टीम को यही कोशिश करनी है कि उसकी हार का अंतर ज्यादा बड़ा न हो. मामूली हार के बावजूद साउथ अफ्रीका सेमीफाइनल में पहुंच सकती है और फिलहाल उसका पहुंचना तय ही नजर आ रहा है.