महाशिवरात्रि के महापर्व पर आज शिव की नगरी काशी पूरी तरह शिवमय हो गई है. बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा है. मंदिर प्रशासन ने भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए अभूतपूर्व इंतजाम किए हैं, ताकि हर शिवभक्त आसानी से बाबा की एक झलक पा सके.
2:15 से 3:15 तक बाबा विश्वनाथ की मंगला आरती सम्पन्न होने के बाद तड़के 3:30 से आम श्रद्धालुओं के लिए कपाट खुल गए हैं. कपाट खुलने के साथ ही मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं पर पुष्प वर्षा की और मंदिर परिसर में उनका स्वागत किया. इस समय बड़ी संख्या में आम श्रद्धालु दर्शन कर रहे हैं. सभी चार गेटों से श्रद्धालुओं को गर्भ गृह तक पहुंचाया जा रहा है. जिग जैग सिस्टम के जरिए भीड़ प्रबंधन किया गया है.
अगले 48 घंटे तक सभी तरह के वीवीआईपी और अन्य तरह के पास पर रोक लगा दी गई है और सिर्फ झांकी दर्शन ही कराया जा रहा है. जिग जैग सिस्टम की व्यवस्था लागू होने से भीड़ प्रबंधन में मदद मिल रही है. लाइन में लगने के घंटे भर में ही दर्शन हो जाए ऐसी व्यवस्था बनाई गई है.देर रात से ही श्रद्धालुओं की लाइन लगनी शुरू हो गई थी.तीन किलोमीटर तक श्रद्धालुओं की लाइन लगी हुई है.
मंदिर प्रशासन की तरफ से महाशिवरात्रि पर होने वाली आरतियों का शेड्यूल जारी किया गया है.
महाशिवरात्रि पर्व पर धाम में होने वाली आरतियों की समय-सारिणी निम्नवत है-
- मंगला आरती
प्रातः 02:15 बजे पूजा. प्रातः 03:15 बजे मंगला आरती प्रातः 03:30 बजे मंदिर श्रद्धालुओं के दर्शन हेतु खोला गया
- मध्याह्न भोग आरती
प्रातः 11:40 बजे पूजा आरम्भ होगी मध्याह्न 12:20 बजे पूजा संपन्न होगी
- चारों प्रहर की आरती
प्रथम प्रहर रात्रि 09:30 बजे शंखनाद होगा एवं पूजा की तैयारी आरम्भ होगी रात्रि 10:00 बजे से आरती प्रारम्भ होकर रात्रि 12:30 बजे समाप्त होगी इस दौरान झांकी दर्शन सतत् चलता रहेगा
द्वितीय प्रहर रात्रि 01:30 बजे से आरती प्रारम्भ होकर रात्रि 02:30 बजे समाप्त होगी झांकी दर्शन सतत् रूप से चलता रहेगा
तृतीय प्रहर प्रातः 03:30 बजे से आरती प्रारम्भ होकर प्रातः 04:30 बजे समाप्त होगी इस प्रहर में भी झांकी दर्शन सतत् जारी रहेगा
चतुर्थ प्रहर प्रातः 05:00 बजे से आरती प्रारम्भ होकर प्रातः 06:15 बजे समाप्त होगी झांकी दर्शन सतत् चलता रहेगा.
