नई दिल्ली। भारत के विमानन नियामक ने सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर कड़ा रुख अपनाते हुए पर एक करोड़ रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई बिना वैध सेफ्टी सर्टिफिकेट के Airbus विमान के संचालन के मामले में की गई है, जिसे गंभीर सुरक्षा चूक माना गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, एयर इंडिया ने निर्धारित नियमों का पालन किए बिना Airbus विमान का संचालन किया। नियमानुसार किसी भी विमान को उड़ाने से पहले उसका वैध एयरवर्दीनेस और सेफ्टी सर्टिफिकेट होना अनिवार्य होता है। इस मामले में लापरवाही सामने आने के बाद DGCA ने जांच शुरू की और एयरलाइन को दोषी पाया।
DGCA अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस तरह की लापरवाही को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसी के चलते एयर इंडिया पर भारी आर्थिक दंड लगाया गया है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
इस कार्रवाई के बाद विमानन क्षेत्र में हलचल तेज हो गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि DGCA का यह कदम अन्य एयरलाइंस के लिए भी एक सख्त संदेश है कि सुरक्षा मानकों से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
वहीं, एयर इंडिया की ओर से अभी तक इस मामले पर विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन माना जा रहा है कि कंपनी आंतरिक स्तर पर जांच कर रही है और आगे से नियमों के सख्ती से पालन का आश्वासन दे सकती है।
इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर विमानन सुरक्षा और नियामक निगरानी की अहमियत को उजागर कर दिया है, जिससे यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
