कोरबा/तुमान, 8 फरवरी (वेदांत समाचार)। मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान के तहत् कोरबा जिले के तुमान में रामपुर विधानसभा स्तरीय मनरेगा बचाओ रैली एवं आमसभा का आयोजन किया गया। बाजार चौक तुमान में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, श्रमिक और कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत कबीर चौक स्थित कबीर जय स्तंभ पर पूजा-अर्चना के साथ हुई, जिसके पश्चात कबीर चौक से बाजार चौक तक विशाल रैली निकाली गई।
आमसभा को संबोधित करते हुए कोरबा सांसद ज्योत्सना महंत ने कहा कि मोदी सरकार ने मनरेगा कानून को कमजोर कर देश के करोड़ों श्रमिक मजदूरों के हितों पर सीधा हमला किया है। उन्होंने कहा कि मनरेगा एक ऐतिहासिक और अधिकार आधारित कानून था, जिसने रोजगार चाहने वाले करोड़ों ग्रामीणों को गरिमामय अवसर प्रदान किया। आज नियमों में बदलाव कर इस कानून की मूल भावना को समाप्त किया जा रहा है।

एआईसीसी सचिव एवं छत्तीसगढ़ प्रदेश सह प्रभारी जरिता लैतफ्लांग ने कहा कि मनरेगा ने पंचायतों और ग्राम सभाओं को सशक्त बनाया था। कौन सा कार्य कराया जाएगा, इसका निर्णय स्थानीय स्तर पर होता था, लेकिन अब यह अधिकार केंद्र सरकार के हाथों में सिमटता जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सुधार के नाम पर दुनिया की सबसे बड़ी रोजगार गारंटी योजना को खत्म करने की साजिश की जा रही है।
पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि मनरेगा देश के गरीब से गरीब व्यक्ति के लिए रोजगार का मजबूत सहारा रहा है। पहले यह रोजगार का कानूनी अधिकार था, लेकिन अब नियमों में बदलाव कर इसे सरकार की मर्जी पर निर्भर बना दिया गया है, जिससे रोजगार का अधिकार समाप्त होने की आशंका है।
रामपुर विधायक फूलसिंह राठिया ने कहा कि मनरेगा अधिनियम वर्ष 2005 में लागू हुआ था और यह पूरी तरह अधिकार आधारित कानून था। उन्होंने आरोप लगाया कि नाम बदलने और नियमों में परिवर्तन कर श्रमिकों के वैधानिक अधिकारों को कमजोर किया जा रहा है।
जिला कांग्रेस ग्रामीण अध्यक्ष मनोज चौहान ने इसे श्रमिक विरोधी कदम बताते हुए कहा कि पहले मनरेगा संविधान के अनुच्छेद 21 से जुड़े अधिकारों की भावना पर आधारित था, लेकिन अब इसे केंद्र नियंत्रित योजना में बदला जा रहा है। सांसद प्रतिनिधि हरीश परसाई ने कहा कि पिछले दो दशकों से यह योजना 12 करोड़ से अधिक मजदूरों के लिए जीवनरेखा रही है और कोविड काल में भी आर्थिक सुरक्षा का बड़ा आधार बनी।
सभा का संचालन ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष संतोष देवांगन ने किया, जबकि सांसद प्रतिनिधि प्रमोद कुमार श्रीवास ने आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, कांग्रेस पदाधिकारी एवं क्षेत्र के ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
