Vedant Samachar

बड़ी खबर: कोलकाता में IPAC प्रमुख प्रतीक जैन के ठिकानों पर ईडी की रेड, मौके पर सीएम के पहुंचने से सियासी घमासान तेज, देखें Video…

Vedant samachar
3 Min Read

कोलकाता। केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (IPAC) के प्रमुख प्रतीक जैन के आवास और कार्यालय पर की गई छापेमारी से राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। कथित वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े एक मामले में की जा रही इस कार्रवाई के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी स्वयं मौके पर पहुंचीं, जिससे पूरे घटनाक्रम को लेकर सियासी तापमान और बढ़ गया है।

सूत्रों के अनुसार, ईडी की टीम ने एक साथ प्रतीक जैन के आवास और कार्यालय में दबिश दी और वहां मौजूद दस्तावेजों की गहन जांच शुरू की। इसके साथ ही आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं भी पूरी की जा रही हैं। जांच एजेंसी की इस कार्रवाई को बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि IPAC का नाम हाल के वर्षों में कई राजनीतिक अभियानों से जुड़ा रहा है।

जांच के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का सीधे उस स्थान पर पहुंचना, जहां ईडी की टीम कार्रवाई कर रही थी, राजनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उनके वहां पहुंचते ही माहौल और अधिक संवेदनशील हो गया। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह कदम केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई के खिलाफ एक स्पष्ट सियासी संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।

ईडी की रेड पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने तीखी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि ईडी उनकी पार्टी के आईटी सेक्टर कार्यालय में इस तरह से दस्तावेज लेने पहुंची। ममता बनर्जी ने इस कार्रवाई को पूरी तरह से राजनीतिक उत्पीड़न करार देते हुए आरोप लगाया कि यह सब केंद्रीय गृह मंत्री की “स्क्रिप्ट” के तहत किया जा रहा है, जो स्वयं देश की सुरक्षा बनाए रखने में असमर्थ हैं।

मुख्यमंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि ईडी द्वारा पार्टी से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेजों को बिना किसी सुरक्षा व्यवस्था के जब्त किया गया। उन्होंने दावा किया कि इस प्रक्रिया के दौरान कुछ मामलों में लोगों के नाम हटाए जा रहे हैं और दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ की जा रही है। ममता बनर्जी ने विशेष रूप से SIR केस का जिक्र करते हुए कहा कि जानबूझकर नाम गायब किए जा रहे हैं, जिससे दस्तावेजों के दुरुपयोग की आशंका बढ़ गई है।

गौरतलब है कि इससे पहले भी पश्चिम बंगाल में ईडी और अन्य केंद्रीय जांच एजेंसियों की कार्रवाइयों को लेकर राज्य सरकार और केंद्र सरकार के बीच टकराव की स्थिति बनी रही है। एक बार फिर यह मामला केंद्र बनाम राज्य की राजनीति को हवा देता नजर आ रहा है। फिलहाल ईडी की कार्रवाई जारी है और पूरे देश की नजरें इस घटनाक्रम पर टिकी हुई हैं।

Share This Article