Vedant Samachar

पेंड्रा और मैनपाट में जमी ओस की बूंदें, अंबिकापुर में पारा 4.6°; 3 दिन बाद राहत के आसार

Vedant Samachar
2 Min Read

रायपुर ,22 दिसंबर (वेदांत समाचार)। छत्तीसगढ़ में कड़ाके की ठंड और कोहरे का दोहरा असर दिखने लगा है। पेंड्रा और मैनपाट में ओस की बूंदें जमकर बर्फ बन गईं। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में घने कोहरे की चेतावनी जारी की है। विशेष रूप से सरगुजा और बिलासपुर संभाग के जिलों में विजिबिलिटी काफी कम रहने की संभावना है।

प्रदेश के तापमान में लगातार उतार-चढ़ाव भी हो रहा है, इसके चलते मौसमी बीमारियों की शिकायत बढ़ी है। ​मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में तापमान में बदलाव देखने को मिलेगा। ​उत्तरी छत्तीसगढ़ में अगले 3 दिनों में न्यूनतम तापमान में 2-3°C की बढ़ोतरी हो सकती है।

वहीं ​मध्य और दक्षिण छत्तीसगढ़ में अगले 3 दिनों तक तापमान में कोई विशेष बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद 1-2°C की हल्की वृद्धि संभावित है। पिछले 24 घंटे की बात करें तो ​सबसे कम न्यूनतम तापमान अंबिकापुर में 4.6°C दर्ज किया गया।

पिछले 24 घंटे में सबसे अधिक तापमान राजनांदगांव में 27.9°C दर्ज किया गया। सबसे कम न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री अंबिकापुर रहा।

मैनपाट में 1.6 डिग्री पर पहुंचा तापमान

सरगुजा में शीतलहर के कारण कड़ाके की ठंड पड़ रही है। रविवार को मैनपाट का न्यूनतम तापमान गिरकर 1.6 डिग्री पहुंच गया था। सुबह ओस जमकर बर्फ बन गई। पाट से लेकर मैदानी इलाकों में भी जमकर पाले पड़े हैं। देर रात सड़कों पर कोहरा भी दिखा। इससे वाहनों की रफ्तार थम गई।

कोहरे को देखते हुए वाहन चालकों को सुबह के समय सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार प्रदेश में वर्तमान में 2 तरह का कोहरा, रेडिएशन फॉग (Radiation Fog) और एडवेक्शन फॉग (Advection Fog) देखने को मिल रहा है। नमी में अचानक बढ़ोतरी और तापमान गिरने की वजह से दृश्यता घटकर 10 मीटर से भी कम रह गई।

Share This Article